सुप्रीमकोर्ट का फैसला: ऑफलाइन मोड में ही होंगी CBSE और ICSE की 10वीं-12वीं कक्षा की परीक्षा

सुप्रीम कोर्ट

प्रजासत्ता नेशनल डेस्क|
सीबीएसई और सीआईएससीई की 10वीं और 12वीं की टर्म 1 बोर्ड परीक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुन दिया है| सुप्रीम कोर्ट ने हाईब्रिड परीक्षा कराने से इनकार कर दिया है। परीक्षा मोड में बदलाव नहीं होगा। परीक्षा केवल ऑफलाइन मोड में होगी। अदालत ने कहा कि परीक्षाएं शुरू हो चुकी हैं. इस स्तर पर परीक्षा में खलल डालना उचित नहीं होगा।

बता दें कि सीबीएसई और सीआईएससीई की 10वीं और 12वीं की टर्म 1 बोर्ड परीक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी। याचिका में 10वीं और 12वीं की आगामी बोर्ड परीक्षाओं को ऑफलाइन मोड के बजाय हाइब्रिड मोड (परीक्षा का परंपरागत तरीका और ऑनलाइन तरीका) में कराने की मांग की गई थी।

याचिका में कहा गया है ऑफलाइन परीक्षा से कोविड-19 के संक्रमण का खतरा तेजी से बढ़ जाएगा। ये स्वास्थ्य के अधिकार का उल्लंघन है। बिना विकल्प दिए सहमति प्राप्त करना मनमाना और अवैध है। हाइब्रिड मोड समय की मांग है। सोशल डिस्टेंसिंग को बेहतर बनाता है। लॉजिस्टिक बाधाओं पर बोझ कम करता है। याचिका में कहा गया है कि दिसंबर 2021 में प्रमुख विषयों की परीक्षा तीन सप्ताह तक चलेगी। इससे छात्र संक्रमण के जोखिम में होंगे।

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सरकार द्वारा पहले से ही कोविड एहतियाती उपाय उठाए जा रहे हैं। परीक्षा केंद्र 6,500 से बढ़ाकर 15,000 किए गए हैं। परीक्षा की अवधि 3 घंटे से घटाकर 1.5 घंटे की गई है। यदि कोविड उपायों में कोई कमी है तो उसे तुरंत दूर किया जाना चाहिए। उसे विश्वास है कि अधिकारी यह सुनिश्चित करने के लिए पूरी सावधानी बरतेंगे कि छात्रों और कर्मचारियों को किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति का सामना न करना पड़े।

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था के साथ खिलवाड़ न करें। अधिकारी अपना काम अच्छे से करें। अब बहुत देर हो चुकी है। इस आखिरी मिनट के कामकाज को हतोत्साहित किया जाना चाहिए। इतने अराजक तरीके से 34 लाख बच्चों की परीक्षा कराना संभव नहीं।

कब से शुरू होनी है 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं
सीबीएसई भारत और विदेशों में सभी संबद्ध स्कूलों में डेट शीट तय करके परीक्षा आयोजित करेगा। इस बार 10वीं क्लास की परीक्षा 17 नवंबर से और 12वीं क्लास की परीक्षा 16 नवंबर से शुरू होगी। वहीं काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन की बोर्ड परीक्षा के सेमेस्टर एक की परीक्षा 22 नवंबर से शुरू होगी।

बोर्ड परीक्षा के फॉर्मेट में हुए बदलाव (10th, 12th Exam Format)
इस बार CBSE और CISCE की परीक्षाएं 2 बार में कराई जाएंगी। इन परीक्षाओं का पहला टर्म नवंबर- दिसंबर 2021 में होना है तो वहीं दूसरा टर्म मार्च- अप्रैल 2022 में होना है। दोनों टर्म की परीक्षाओं में 50-50 % सिलेबस से प्रश्न पूछे जाएंगे। लेकिन रिजल्ट दोनों परीक्षाओं के अंकों को मिलाकर जारी किया जाएगा।

कुछ इस तरह होंगी परीक्षाएं (CBSE Class 10th-12 Exam Format)
इस बार टर्म-1 की परीक्षा 90 मिनट की आयोजित की जाएगी जोकि MCQ आधारित होगी। छात्रों को अपने जवाब को OMR सीट पर भरना होगा। वहीं, टर्म-2 की परीक्षा 2 घंटे की होगी। इसमें डिस्‍क्र‍िप्‍ट‍िव सवाल होंगे। टर्म 2 का प्रश्‍न पत्र अलग फॉर्मेट में होगा। हालांकि टर्म-2 में कुछ शॉर्ट और लॉन्‍ग दोनों तरह के सवाल हो सकते हैं। परीक्षा के दौरान अगर देश में कोरोना की स्थिति बिगड़ी तो इस तरीके में बदलाव किया जा सकता है।

सुप्रीमकोर्ट का फैसला: ऑफलाइन मोड में ही होंगी CBSE और ICSE की 10वीं-12वीं कक्षा की परीक्षा
सुप्रीमकोर्ट का फैसला: ऑफलाइन मोड में ही होंगी CBSE और ICSE की 10वीं-12वीं कक्षा की परीक्षा