Car Sales in India 2026: देश भर में त्योहारी सीजन का उल्लास शुरू हो चुका है और इसी के साथ ऑटोमोबाइल बाजार में भी जबरदस्त हलचल देखने को मिल रही है। धनतेरस और दिवाली के पावन अवसरों से पहले नई कार खरीदने के लिए ग्राहकों की भारी भीड़ शोरूम का रुख कर रही है।
देश की प्रमुख कार निर्माता कंपनियों जैसे मारुति सुजुकी, हुंडई मोटर इंडिया और टाटा मोटर्स को इस त्योहारी सीजन में बेहद सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। कारों की बुकिंग और डिलीवरी में उल्लेखनीय तेजी आई है। वाहन निर्माता कंपनियां भी ग्राहकों की लगातार बढ़ती मांग को समय पर पूरा करने के लिए अपने उत्पादन और डिलीवरी तंत्र को और अधिक मजबूत करने पर पूरा जोर दे रही हैं।
मारुति सुजुकी की पेंडिंग बुकिंग 2.7 लाख तक पहुंची
देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी के अनुसार, गणेश चतुर्थी से लेकर दशहरा तक उसकी खुदरा बिक्री में पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 35 प्रतिशत की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस त्योहारी दौर में छोटी कारों की बिक्री में करीब 16 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि एसयूवी (SUV) की बिक्री में दोगुना उछाल आया है।
एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक कंपनी के सीनियर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर पार्थो बनर्जी के अनुसार, अक्टूबर की शुरुआत में कंपनी के पास लगभग 2 लाख कारों की बुकिंग पेंडिंग थी। दशहरा का त्योहार आते-आते यह पेंडिंग संख्या बढ़कर सीधे 2.7 लाख तक जा पहुंची है। कंपनी को पूरी उम्मीद है कि इस दिवाली तक पूरे त्योहारी सीजन के दौरान बिक्री की यह शानदार ग्रोथ दोहरे अंकों में बनी रहेगी।
हुंडई के रजिस्ट्रेशन में 30% उछाल और टाटा की शानदार डिलीवरी
उधर, हुंडई मोटर इंडिया को भी इस त्योहारी सीजन में ग्राहकों का भरपूर प्यार मिला है। कंपनी के आंकड़ों के मुताबिक, श्राद्ध और नवरात्रि के दौरान गाड़ियों के पंजीकरण में सालाना आधार पर 30 प्रतिशत की तगड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई। इस समयावधि में करीब 41,000 गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन किया गया।
हुंडई के एमडी और सीईओ तरुण गर्ग ने इस बात की जानकारी दी है कि देश के बड़े शहरी बाजारों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों से भी कारों की बहुत अच्छी मांग निकलकर सामने आ रही है। कंपनी को यह पूरा भरोसा है कि धनतेरस और दिवाली तक बाजार की यह रफ्तार यूं ही बरकरार रहेगी। इसके अलावा, हुंडई की आने वाली नई कार बयॉन (BAYON) को लेकर भी ग्राहकों के बीच काफी गहरी दिलचस्पी देखी जा रही है।
दूसरी ओर, टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स ने नवरात्रि के शुभ अवसर के दौरान 50,000 से अधिक गाड़ियों की सफल डिलीवरी की। इनमें से 10,000 से ज्यादा गाड़ियां तो अकेले दशहरा के मुख्य दिन ही ग्राहकों को उनके सुपुर्द की गईं।
कंपनी के चीफ कमर्शियल ऑफिसर अमित कामत के मुताबिक, देश भर के शोरूम में ग्राहकों की आवाजाही, पूछताछ और बुकिंग के आंकड़े काफी ऊंचे चल रहे हैं। इस भारी मांग को पूरी तरह से ध्यान में रखते हुए टाटा मोटर्स ने अपने उत्पादन को बढ़ा दिया है और ग्राहकों तक समय पर गाड़ियां पहुंचाने के लिए लॉजिस्टिक्स व्यवस्था को भी पूरी तरह मजबूत कर लिया है।
कुल कार बिक्री में 22% की गिरावट आने का मुख्य कारण
एक तरफ जहां देश की तमाम बड़ी कार निर्माता कंपनियां मजबूत मांग और शानदार बुकिंग का दावा कर रही हैं, वहीं ऑटोमोबाइल डीलर्स के शीर्ष संगठन फाडा (FADA) यानी फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन के आंकड़े एक अलग ही तस्वीर पेश करते हैं।
फाडा के अनुसार, इस साल केवल 10 दिनों के नवरात्रि सीजन के दौरान पैसेंजर व्हीकल्स की कुल खुदरा बिक्री में 22 प्रतिशत की गिरावट आई है और यह आंकड़ा घटकर 1,82,728 यूनिट्स पर सिमट गया। यदि पिछले साल की बात करें तो यही आंकड़ा 2,34,004 यूनिट्स का रहा था, जो इस बार से काफी ज्यादा था।
फाडा ने इस गिरावट के पीछे बहुत स्पष्ट और व्यावहारिक कारण बताए हैं। संगठन के अनुसार, पिछले साल नवरात्रि का यह त्योहारी सीजन पूरे 11 दिनों का था, जबकि इस बार यह सिर्फ 10 दिनों का रहा। इसके अलावा, पिछले साल जीएसटी 2.0 (GST 2.0) लागू होने के कारण बाजार में गाड़ियों की मांग असामान्य रूप से बहुत अधिक बढ़ गई थी।
यही मुख्य वजह है कि इस साल पिछले साल के आंकड़ों की तुलना में गिरावट साफ तौर पर दिखाई दे रही है। हालांकि, देश की प्रमुख ऑटो कंपनियों को अब भी पूरा भरोसा है कि आने वाले धनतेरस और दिवाली के दिनों में कारों की मांग बेहद मजबूत और स्थिर बनी रहेगी।



















