Prajasatta Side Scroll Menu
Bahra University - Shimla Hills

बजट सत्र से विपक्ष ने नारेबाजी करते हुए सदन से किया वॉकआउट, मुख्‍यमंत्री ने दी तीखी प्रतिक्रिया

Published on: 2 March 2022
बजट सत्र से विपक्ष ने नारेबाजी करते हुए सदन से किया वॉकआउट, मुख्‍यमंत्री ने दी तीखी प्रतिक्रिया

प्रजासत्ता|
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र की पांचवें दिन वोप्क्षी दल कांग्रेस और माकपा ने सदन से वॉकआउट किया। कांग्रेस विधायकों ने सदन में नारेबाजी की और नारेबाजी करते हुए विधायक बाहर निकल गए। कांग्रेस विधायकों ने राज्‍यपाल के अभिभाषण को सरकार के झूठ का पुलिंदा बताते हुए लगातार अभिभाषण पर सवाल उठा रहे है।

नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि हिमाचल प्रदेश कर्ज में डूबता जा रहा है और मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर कर्ज को लेकर जो आंकड़े प्रस्तुत कर रहे हैं, वह झूठे हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने अपनी पहली स्पीच के दौरान कहा था कि 18700 करोड का कर्जा लिया गया है, आज कह रहे हैं कि 28000 करोड का कर्जा लिया तो इससे बड़ा झूठ क्या हो सकता है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर जिस दिन इस सदन को छोड़ेंगे उस दिन हिमाचल प्रदेश पर 90 हजार करोड का कर्जा होगा। उन्होंने कहा कि 90 हजार करोड में सब सरकारों का कर्ज 45 हजार करोड़ है जबकी 45 हजार करोड़ अकेल जयराम सरकार का होगा। उन्होंने कहा कि सरकार की लगातार और मस्ती चल रही है।

उन्होंने कहा कि माफिया पूरे देश पूरे प्रदेश में फैल रहा है। लेकिन सरकार ने उनकी संपत्तियों को जब्त करने को लेकर कोई नियम कानून नहीं बनाया है। खनन माफिया पर 5 लाख का जुर्माना लगाने की घोषणाएं महज झूठी है। जबकि हिमाचल के डीजीपी इस बार को कह चुके हैं कि हम खनन माफिया पर कार्रवाई नहीं कर सकते ऐसे में डीजीपी बताएं कि खनन माफिया पर कौन कार्रवाई करेगा।
उन्होंने कहा कि शराब माफिया की वजह से कई जाने चली गई कई वर्षों से ठेके नीलाम नहीं किए जा रहे हैं जिससे हिमाचल की राजस्व को नुकसान हो रहा है।

मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि सरकार कर्मचारियों की आवाज को दबाना चाहती है। सरकार ने पहले एक नोटिफिकेशन जारी किया था जिसमें कर्मचारियों के धरना प्रदर्शन पर रोक लगा कर कार्रवाई करने को बाद की गई थी। वहीं अब एक नई नोटिफिकेशन जारी कर कर्मचारियों के धरना प्रदर्शन के लिए सड़कों को बंद करने की अधिसूचना पंजाब से लेकर आ गए। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सरकार कर्मचारी विरोधी सरकार है। ना तो सरकार आउटसोर्स कर्मचारियों, नही करुणामूलक आधार पर कर्मचारियों और ना ही सरकार कर्मचारियों की पेंशन को लेकर कोई बात कर रही है। उन्होंने जयराम सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि सरकार के जाने का समय आ गया है और सरकार जाने से पहले की रस्म की अदायगी में लगी हुई है।

वहीँ मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने विपक्ष के वॉकआउट को लेकर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने नाराजगी जाहिर की। उन्‍होंने कहा कि आज जल्दी मुझे है। लेकिन विपक्ष ने राज्यपाल के अभिभाषण पर उठाए सभी मुद्दों का जवाब सुनना उचित नहीं समझा है। वॉकआउट करने का कोई औचित्य नहीं था। मुख्यमंत्री एक सवाल के जवाब में कहा कि अगर विपक्ष आंकड़ों को झूठा बताया रहा है तो तथ्यों के साथ प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि विपक्ष की झूठ बोलने की आदत बन चुकी है। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने राज्यपाल के अभिभाषण के समय इस बार और पिछले सदन के दौरान जिस तरह का व्यवहार किया उससे बचना चाहिए।

Aaj Ki KhabrenShimla HP newsShimla latest updateShimla Local NewsShimla NewsShimla News TodayShimla tourism newsShimla Weather Update

Join WhatsApp

Join Now