Prajasatta Side Scroll Menu
Bahra University - Shimla Hills

हिमाचल में 380 स्कूल और कॉलेज बंद करने पर नहीं हुआ फैसला, मुख्यमंत्री ने विभागीय अधिकारियों जुटाई जानकारी

हिमाचल के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, CM Sukhvinder Singh Sukhu Rresign

प्रजासत्ता ब्यूरो|
हिमाचल प्रदेश की सुक्खू सरकार ने बीते 9 महीने के दौरान जयराम सरकार द्वारा खोले गए व अपग्रेड किए गए सभी संस्थानो को बंद करने का निर्णय लिया है। हालांकि पिछले 9 महीने में खोले और अपग्रेड किए सभी शिक्षण संस्थानो को बंद करने पर सरकार पुनर्विचार कर रही है। इसी पर विचार करने के लिए सोमवार को भी एक बैठक मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई

मुख्यमंत्री सुक्खू ने विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर शिक्षण संस्थानों में हुए दाखिलों की जानकारी जुटाई। यहां कार्यरत शिक्षकों की संख्या और इनसे जुड़े अन्य संस्थानों की दूरी को लेकर मुख्यमंत्री ने अपडेट लिया। हालांकि बैठक में एक अप्रैल 2022 के बाद भाजपा सरकार की ओर से नए खोले गए और अपग्रेड किए गए करीब 380 स्कूल-कॉलेजों को बंद करने के लिए में कोई फैसला नहीं हुआ।

इसे भी पढ़ें:  HP Teacher Recruitment 2026: हिमाचल में 894 पदों पर सरकारी नौकरी का बड़ा मौका, 30 हजार वेतन और आवेदन की पूरी प्रक्रिया जानें

ईद दौरान अधिकारियों से पूछा गया कि सही मायने में कितने स्कूल और कॉलेजों की आवश्यकता है। कितनों को बंद किया जा सकता है। बंद होने वाले शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों को परेशानियां पेेश ना आए। इसके लिए क्या कदम उठाए जाएं। इन बिंदुओं पर जानकारी जुटाने के बाद मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद एक-दो दिन में नीतिगत फैसला लेने की बात कही।

उल्लेखनीय है कि जयराम सरकार ने प्रारंभिक शिक्षा के तहत 130 और उच्च शिक्षा के तहत 250 शिक्षण संस्थानों को एक अप्रैल 2022 के बाद अपग्रेड या खोला गया है। इनमें 23 डिग्री कॉलेज भी शामिल हैं। शिक्षा विभाग से रिपोर्ट मिलने के बाद सरकार ऐसे स्कूलों को लेकर अंतिम निर्णय लेगी।

इसे भी पढ़ें:  हिमाचल में अब लगातार डयूटी देंगे डॉक्टर-पैरामेडीकल स्टाफ, अधिसूचना जारी

गौरतलब है कि सुक्खू सरकार ने बीते 9 महीने के दौरान जयराम सरकार द्वारा विभिन्न विभागों में खोले गए व अपग्रेड किए अधिकतर संस्थानों को बंद करने का निर्णय लिया है। इसके पीछे तर्क दिया जा रहा है कि पूर्व सरकार ने चुनाव में वोट बैंक के लिए बिना इन्फ्रास्ट्रक्चर व बजट प्रावधान के हीइनकी घोषणाएँ कर दी। इसलिए कांग्रेस सरकार ने इन्हें बंद करने का निर्णय लिया है।

Aaj Ki KhabrenHimachal Latest NewsHimachal News in HindiHimachal Pradesh NewsHimachal Pradesh samacharHimachal updateHP government newsHP News Today

Join WhatsApp

Join Now