Kullu News: अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव के दौरान जिलेभर में श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आवागमन को सुगम व सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से व्यापक व्यवस्था की गई है। ढालपुर चौक से विधायक एवं दशहरा उत्सव कमेटी के अध्यक्ष सुंदर ठाकुर ने 50 विशेष बसों के बेड़े को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस बेड़े का मुख्य उद्देश्य उत्सव के दौरान ट्रैफिक जाम की समस्या को नियंत्रित करना और दूर-दराज़ के क्षेत्रों से आने वाले लोगों को बेहतर परिवहन सुविधा प्रदान करना है।
आधुनिक ई-बसें और सामान्य वाहन बेड़े में शामिल
विधायक सुंदर ठाकुर ने जानकारी दी कि इस विशेष परिवहन बेड़े में आधुनिक इलेक्ट्रिक (ई-बसें) और सामान्य बसें दोनों शामिल की गई हैं। यह कदम प्रदेश के मुख्यमंत्री और उप-मुख्यमंत्री के सहयोग से उठाया गया है, जिससे जिले के ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों की यातायात प्रणाली को मजबूती मिलेगी। इन बसों के संचालन से पर्यावरण-अनुकूल और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित की जा सकेगी।
रायसन से बजौरा तक निरंतर शटल सेवाएं
उत्सव के दौरान यातायात का दबाव कम करने के लिए रायसन से लेकर बजौरा तक और अन्य प्रमुख इलाकों में निरंतर शटल एवं सर्कुलर बस सेवाओं का संचालन किया जा रहा है। ये बसें निश्चित समय अंतराल पर संचालित होंगी, जिससे स्थानीय निवासियों और बाहर से आने वाले पर्यटकों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
सांस्कृतिक संध्या प्रेमियों के लिए देर रात विशेष व्यवस्था
कला केंद्र में आयोजित होने वाले देर रात के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद लेने वाले लोगों की सुरक्षा और सुविधा का विशेष ध्यान रखा गया है। उत्सव कमेटी और परिवहन विभाग के समन्वय से यह व्यवस्था की गई है कि कला केंद्र में कार्यक्रम समाप्त होने के ठीक आधे घंटे बाद तक अंतिम बस का संचालन किया जाएगा। इस व्यवस्था से देर रात घर लौटने वाले श्रद्धालुओं को सुरक्षित परिवहन मिल सकेगा।
ऐतिहासिक देवी-देवताओं के समागम पर विशेष ट्रैफिक प्लान
इस वर्ष कुल्लू दशहरा उत्सव में विभिन्न घाटियों से ऐतिहासिक देवी-देवताओं के आगमन को देखते हुए प्रशासन और दशहरा कमेटी ने विशेष ट्रैफिक योजना तैयार की है। शहर में पार्किंग की सीमित क्षमता और जाम की स्थिति से निपटने के लिए आम जनता और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों से विशेष अपील की गई है। प्रशासन ने लोगों से आग्रह किया है कि वे उत्सव परिसर में अपने निजी वाहनों का उपयोग कम से कम करें और हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) की इन विशेष बसों तथा शटल सेवाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।



















