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आफताब ने बर्नर से जलाया था श्रद्धा का चेहरा

Published on: 7 February 2023

Shraddha Murder Case: दिल्ली के महरौली में हुए श्रद्धा वाकर मर्डर केस (Shraddha Murder Case) में मंगलवार को नया खुलासा हुआ है। पुलिस की चार्जशीट के अनुसार, आरोपी आफताब पूनावाला ने श्रद्धा के चेहरे को बर्नर से बिगाड़ा था। उसने शव को जलाने और उंगलियां अलग करने के लिए चिंगारी वाली टॉर्च का इस्तेमाल किया था। श्रद्धा का सिर उसने तीन महीने बाद ठिकाने लगाया था।

दिल्ली पुलिस की चार्जशीट में यह भी खुलासा हुआ है कि आफताब आक्रामक स्वभाव का था और श्रद्धा को छोटी-छोटी बातों पर पीटता था। जांच को गुमराह करने के लिए आरोपी ने पहले कहा था कि उसने श्रद्धा की हड्डियों को नष्ट करने के लिए स्टोन क्रेशर का इस्तेमाल किया और हड्डियों को पीसकर पाउडर में बदलने के बाद उन्हें सड़क पर फेंक दिया। हालांकि, पुलिस ने कहा कि बाद में वह इस बयान से मुकर गया।

श्रद्धा उसके साथ संबंध तोड़ना चाहती थी, हालांकि वह ऐसा नहीं कर सकी। क्योंकि उसे कोई सपोर्ट करने वाला नहीं था। उसका अपने परिवार से कोई संपर्क भी नहीं था।

सबसे पहले आफताब ने श्रद्धा के हाथ काटे

पुलिस ने 6600 पन्नों की चार्जशीट में कहा है कि 18 मई, 2022 को आफताब ने श्रद्धा की हत्या कर दी थी। फिर उसने उसके शरीर के कई टुकड़े करने के लिए एक आरी, तीन ब्लेड, एक हथौड़ा और प्लास्टिक क्लिप खरीदी थी। बदबू न फैलने पाए, इसके लिए एक रेफ्रिजरेटर भी खरीदा। पहले दिन उसने उसकी कलाई और हाथ काटा। फिर शरीर के अंगों को एक-एक करके डिस्पोज करता था।

चार्जशीट में कहा गया है कि श्रद्धा के शरीर को काटते समय उनके हाथ पर भी कट लगा था। चार्जशीट में कहा गया है कि आफताब श्रद्धा के सीने पर बैठ गया और गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। फिर उसने उसके शरीर के टुकड़े किए और उन्हें किचन और फ्रिज में स्टोर कर दिया।

अब पढ़िए आफताब का कबूलनामा

आफताब ने कबूला था, ‘आए दिन के झगड़े से तंग आकर उससे छुटकारा पाने के प्लान बनाया था। मैंने उसे पकड़कर फर्श पर गिरा दिया। उसके सीने पर बैठकर मैंने उसके गले को अपने दोनों हाथों से तब तक दबाए रखा, जब तक कि वह मर नहीं गई। उसका शव बाथरूम में छिपाया। फिर मैंने उसके शव को छोटे-छोटे टुकड़ों में काटकर एक बड़े ब्रीफकेस में डालकर कहीं फेंकने की योजना बनाई। मैंने एक हथौड़ा, एक आरी और उसके तीन ब्लेड भी खरीदे। घर आकर मैंने श्रद्धा के शव के दोनों हाथ आरी से काटकर बाथरूम में पॉलिथीन में रख दिए।

‘शाम को मैंने श्रद्धा के शव के दोनों पैर घुटनों और पंजे को काटकर पैक कर दिए। शरीर के अंग कटने के बाद खून फैल गया। इसे साफ करने के लिए मैंने शॉपिंग ऐप से हार्पिक डिसइंफेक्टेंट, टॉयलेट क्लीनर और ब्लीच की 2 बोतलें खरीदीं।’

आफताब को किए पर कोई पछतावा नहीं

आफताब ने पहले एक ब्रीफकेस में शरीर के अंगों को ठिकाने लगाने की योजना बनाई थी। हालांकि निपटाने के दौरान पकड़े जाने के डर से उसने योजना को छोड़ दिया। इसके बाद एक-एक अंगों को ठिकाने लगाया था। सूत्रों के मुताबिक आफताब को अपने किए पर कोई पछतावा नहीं है।

18 मई को आफताब ने की थी श्रद्धा की हत्या

श्रद्धा और आफताब 2019 में डेटिंग ऐप पर मिले थे। कुछ समय मुंबई में रहे, फिर दिल्ली आ गए थे। 18 मई को दोनों का मुंबई जाने का प्लान था। लेकिन आफताब ने अचानक टिकट कैंसिल कर दिया। दोनों के बीच खर्चों को लेकर लड़ाई हुई और गुस्से में आफताब ने उसका कत्ल कर दिया।

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