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BIlaspur News: मंत्री राजेश धर्माणी, बोले- ‘प्राकृतिक खेती अपनाकर अमीर बनेंगे किसान, सरकार देगी पूरा साथ’

Himachal Natural Farming Scheme: हिमाचल प्रदेश सरकार प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए गेहूं, मक्की और हल्दी पर आकर्षक न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) दे रही है।
By PNT
Published on: 13 August 2026
BIlaspur News: मंत्री राजेश धर्माणी, बोले- 'प्राकृतिक खेती अपनाकर अमीर बनेंगे किसान, सरकार देगी पूरा साथ'

सुभाष कुमार गौतम/बिलासपुर
BIlaspur News: बिलासपुर जिला की कोट पंचायत के सिद्ध बाबा गोदडिया मंदिर में कृषि विभाग एवं कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंधन अभिकरण (आत्मा), बिलासपुर के संयुक्त तत्वावधान में किसानों को प्राकृतिक खेती तथा सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी देने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता नगर एवं ग्राम नियोजन, आवास तथा तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने की।

राजेश धर्माणी ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों की आय बढ़ाने, कृषि लागत कम करने और उनकी उपज का उचित मूल्य सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश देश का पहला राज्य है, जिसने प्राकृतिक रूप से उत्पादित गेहूं और मक्की के लिए समर्थन मूल्य निर्धारित किया है। प्राकृतिक गेहूं का समर्थन मूल्य 80 रुपये तथा मक्की का 60 रुपये प्रति किलोग्राम निर्धारित किया गया है। आगामी वर्ष हल्दी का समर्थन मूल्य बढ़ाकर 150 रुपये प्रति किलोग्राम किया जाएगा। उन्होंने कहा कि दूध के समर्थन मूल्य में वृद्धि के माध्यम से पशुपालकों को भी उनकी मेहनत का बेहतर मूल्य दिया जा रहा है।

15,076 किसानों को प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण
आत्मा बिलासपुर के अनुसार राजीव गांधी प्राकृतिक खेती खुशहाल किसान योजना के तहत किसानों को प्राकृतिक खेती के लिए प्रशिक्षण, प्रदर्शन एवं मॉडल फार्मों का भ्रमण करवाया जा रहा है। योजना के अंतर्गत अब तक 15,076 किसानों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है, जबकि 3,012 किसान 455 हेक्टेयर क्षेत्र में प्राकृतिक खेती अपना चुके हैं।

योजना के तहत देशी गाय की खरीद पर 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम 25 हजार रुपये, गाय के रखरखाव के लिए फर्श पक्का करने पर 8 हजार रुपये तक तथा प्राकृतिक खेती में उपयोग होने वाले घटकों की तैयारी के लिए प्लास्टिक ड्रम पर 75 प्रतिशत अथवा अधिकतम 750 रुपये का अनुदान दिया जा रहा है। संसाधन भंडार स्थापित करने के लिए 15 हजार रुपये तक का अनुदान भी उपलब्ध है।

5,000 नए किसानों को जोड़ने का लक्ष्य
वर्ष 2026-27 में 5,000 नए किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए 40 क्लस्टर बनाए गए हैं और 2,000 हेक्टेयर क्षेत्र में प्राकृतिक खेती करवाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। प्राकृतिक खेती के लिए वर्ष 2026-27 में 50.49 लाख रुपये प्राप्त हुए हैं, जबकि आत्मा परियोजना के अंतर्गत 55.92057 लाख रुपये का प्रावधान किया गया है।

प्रदेश सरकार इस वर्ष 136 किसानों से 182.84 क्विंटल प्राकृतिक गेहूं 80 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीदने की प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। प्राकृतिक मक्की 60 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीदी जाएगी। पिछले वर्ष हल्दी 90 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीदी गई थी, जबकि आगामी वर्ष इसका समर्थन मूल्य 150 रुपये प्रति किलोग्राम निर्धारित किया गया है।

चार लाख रुपये से निर्मित सामुदायिक भवन का उद्घाटन
इससे पूर्व राजेश धर्माणी ने चार लाख रुपये की लागत से निर्मित तीन कमरों वाले सामुदायिक भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने भवन के लिए भूमि उपलब्ध करवाने वाली रौशुं देवी को सम्मानित करते हुए उनके योगदान की सराहना की।

कार्यक्रम में एपीएमसी अध्यक्ष सतपाल वर्धन, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष चमेल सिंह, ग्राम पंचायत प्रधान अमर चंद, उपप्रधान रणजीत सिंह, बीडीसी सदस्य सुभाष सहित विभागीय अधिकारी एवं स्थानीय लोग उपस्थित रहे।

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