साइड स्क्रोल मेनू
Kasauli International Public School, Sanwara (Shimla Hills)

Himachal Budget 2026 Analysis: सुक्खू सरकार के बजट पर भाजपा के नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया, दिशाहीन, वित्तीय आपातकाल और ‘बैक गियर बजट’ दिया करार

Himachal Budget Analysis: नेता प्रतिपक्ष जयराम और भाजपा अध्यक्ष बिंदल ने हिमाचल बजट को 'दिशाहीन' और 'बैक गियर बजट' करार दिया है। जाने 1 लाख करोड़ के कर्ज के साथ वित्तीय आपातकाल की ओर बढ़ रहे हिमाचल पर विकास कार्यों में 4,000 करोड़ की कटौती का क्या होगा असर।
Himachal Budget 2026 Analysis: सुक्खू सरकार के बजट पर भाजपा के नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया, दिशाहीन, वित्तीय आपातकाल और 'बैक गियर बजट' दिया करार
Preferred_source_publisher_button.width-500.format-webp

Himachal Budget 2026 Analysis: मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू द्वारा हिमाचल प्रदेश विधानसभा में पेश किए बजट को लेकर विपक्षी दल भाजपा के नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। नेता प्रतिपक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष राजीव बिंदल और प्रवक्ता संदीपनी भारद्वाज ने अलग-अलग पहलुओं पर सरकार को घेरा है।

विधानसभा में पेश 54,928 करोड़ रुपये के इस बजट को पिछले साल के 58,514 करोड़ रुपये से करीब 3,586 करोड़ रुपये (लगभग 6.13%) कम है। यह पहली बार है जब राज्य का बजट आकार घटा है। विपक्षी भाजपा ने इसे “बैक गियर बजट” या “पीछे की ओर ले जाने वाला बजट” करार दिया है, जबकि नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने इसे प्रदेश के इतिहास का सबसे निराशाजनक और दिशाहीन बजट कहा है।

जयराम ठाकुर बोले-“विकास पर पूर्ण विराम लगाने वाला दिशाहीन बजट”
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यह बजट प्रदेश की उम्मीदों पर पूरी तरह खरा नहीं उतरा। उन्होंने बताया कि राजकोषीय घाटा लगातार बढ़ रहा है और पूंजीगत निवेश में भारी गिरावट आई है। पिछले कुछ वर्षों में घाटा 10,300 करोड़ से बढ़कर 12,414 करोड़ तक पहुंचा, जबकि निवेश 6,781 करोड़ से घटकर 3,089 करोड़ रह गया।

इसे भी पढ़ें:  मुख्यमंत्री सुक्खू ने की माँ शूलिनी मेले को राष्ट्र स्तरीय दर्जा प्रदान करने की घोषणा

ठाकुर का कहना है कि विकास पर पूरी तरह विराम लग चुका है। उन्होंने सरकार पर वित्तीय प्रबंधन की बुरी हालत का आरोप लगाते हुए कहा कि घोषणाएं सिर्फ कागजों पर रह जाती हैं और लोग दफ्तरों के चक्कर काटते रहते हैं। यह बजट प्रदेश को आगे ले जाने के बजाय पीछे धकेल रहा है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष राजीव बिंदल ने इसे ‘बैक गियर बजट’ करार दिया
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष राजीव बिंदल ने बजट को दूरदर्शिता की कमी वाला बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले साल से करीब 4,000 करोड़ रुपये की कटौती से विकास कार्य रुक सकते हैं। बिंदल ने कहा कि कई योजनाएं नई नहीं हैं, बल्कि केंद्र प्रायोजित पुरानी योजनाओं का नया रूप हैं।

उन्होंने कांग्रेस पर 2022 के चुनावी वादों को पूरा न करने का भी आरोप लगाया, जैसे एक लाख सरकारी नौकरियां, पांच लाख रोजगार, महिलाओं को 1,500 रुपये मासिक और दूध 100 रुपये प्रति लीटर पर खरीद। बिंदल ने चेतावनी दी कि बजट में कानून-व्यवस्था, माफिया गतिविधियां, अस्पतालों में दवाओं की कमी जैसे मुद्दों का समाधान नहीं है। यह युवाओं, किसानों और महिलाओं के लिए खोखला है, और भाजपा इसका कड़ा विरोध करेगी।

इसे भी पढ़ें:  पूर्व सीएम शांता ने सिसोदिया को बताया साफ छवि वाला नेता, कहा- CBI ने बिना अपराध के जेल में डाला

संदीपनी भारद्वाज ने बजट को आर्थिक संकट की ओर धकेलने वाला बताया
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता संदीपनी भारद्वाज ने बजट को आर्थिक संकट की ओर धकेलने वाला बताया। उन्होंने कहा कि बजट में 3,500-4,000 करोड़ की कटौती से विकास पर बुरा असर पड़ेगा। भारद्वाज ने पिछले तीन सालों में 45,000 करोड़ का कर्ज लेने और कुल कर्ज 1 लाख करोड़ पार होने का जिक्र किया। उन्होंने सवाल उठाया कि कर्ज और ब्याज चुकाने का कोई स्पष्ट प्लान नहीं है।

प्रवक्ता ने कर्मचारियों के वेतन में 3% से 50% तक कटौती को वित्तीय आपातकाल का संकेत बताया। उन्होंने किसानों की समस्याओं जैसे दूध खरीद में देरी, 120 करोड़ की लंबित देनदारी और बागवानी क्षेत्र की अनदेखी पर भी चिंता जताई। भारद्वाज का कहना है कि यह बजट कर्मचारी-विरोधी, किसान-विरोधी और युवा-विरोधी है, जो सिर्फ दिखावा है और प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने के बजाय अस्थिरता की ओर ले जा रहा है।

Join WhatsApp

Join Now