Himachal News: हिमाचल प्रदेश के 2012 बैच के आईपीएस अधिकारी संजीव कुमार गांधी का एक बार फिर तबादला हो गया है। 24 अक्तूबर 2026 की अधिसूचना के मुताबिक उन्हें शिमला स्थित हिमाचल प्रदेश जनरल इंडस्ट्रीज कॉरपोरेशन लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है। यह नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू है। राज्यपाल कविंदर गुप्ता के आदेश में कहा गया है कि यह तबादला सिविल सर्विसेज बोर्ड की सिफारिश पर हुआ। गांधी यहां एचपीएएस अधिकारी भूपिंदर कुमार (2009 बैच) की जगह लेंगे। इससे पहले वे कांगड़ा में हिमाचल बैकवर्ड क्लासेज फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के एमडी थे।
उल्लेखनीय है कि आईपीएस संजीव गांधी का तबादला ऐसे समय हुआ है जब कुछ दिन पहले शिमला में उन पर एक के बाद एक कई एफआईआर दर्ज हो चुकी थीं।

इन मामलों की जांच के लिए एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने एसआईटी गठित की है। इसमें सदर थाने के एसएचओ विवेक गौतम, बालूगंज के एसएचओ अंकुश ठाकुर और स्पेशल सेल के एसआई अंबी लाल शामिल हैं। टीम एएसपी सिटी मेहर पंवार की निगरानी में काम करेगी।
गौरतलब है कि संजीव गांधी की तैनाती पिछले नौ महीनों में कई बार बदली है। 7 फरवरी को उन्हें शिमला एसएसपी के पद से हटाया गया। 9 फरवरी को मिल्कफेड का एमडी बनाया गया। 25 मार्च को डीआईजी (ट्रैफिक, टूरिस्ट एंड रेलवे) शिमला नियुक्त किए गए। अगस्त में सेवाएं फिर कार्मिक विभाग को सौंपी गईं। अक्तूबर में कांगड़ा में बैकवर्ड क्लासेज कॉरपोरेशन के एमडी और अब 24 अक्तूबर को जनरल इंडस्ट्रीज कॉरपोरेशन के एमडी बना दिए गए।
उल्लेखनीय है कि संजीव गांधी राज्य पुलिस सेवा से पदोन्नत होकर आईपीएस बने थे और जनवरी 2023 से फरवरी 2026 तक शिमला के एसपी/एसएसपी रहे। शिमला में उन्होंने नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उनकी कमर तोड़ दी थी। 2000 से अधिक आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया। शुरुआत में सुक्खू सरकार के करीबी माने जाने वाले संजीव गांधी विमल नेगी मौत मामले में तत्कालीन डीजीपी अतुल वर्मा पर बयान देने के बाद चर्चा में आए थे। मई 2025 में उन्हें छुट्टी पर भी भेजा गया था।
डीआईजी रैंक के अधिकारी के इस तरह बार-बार तबादले और अब दो एफआईआर दर्ज होने के बीच सवाल उठ रहे हैं कि क्या सुक्खू सरकार को संजीव गांधी जैसी ईमानदारी और पारदर्शिता की कार्यप्रणाली रास नहीं आ रही? बता दें कि IPS संजीव गांधी पर दर्ज मामले जांच के अधीन है, इसलिए आरोपों की पुष्टि होना अभी बाकी है।



















