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Himachal News: हिमाचल के मुल्थान में क्यों बिगड़े हालात, कई गांव खाली कराने की तैयारी, ग्रामीणों में रोष

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Himachal News: हिमाचल प्रदेश के मंडी-कांगड़ा सीमा पर स्थित बरोट के लबांडग हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट में आई तकनीकी खामी के कारण स्थिति गंभीर हो गई है। प्रोजेक्ट का पेनस्टॉक फट जाने से मुल्थान गांव (Multhan Disaster) की स्थिति नाजुक हो गई है। 25 मेगावॉट क्षमता वाले केयू हाइडल प्रोजेक्ट की टनल में बढ़ती रिसाव की समस्या और बारिश के बाद उसमें आई दरारों से खतरा और बढ़ गया है।

उल्लेखनीय है कि पहले ही मुल्थान गांव को सुरक्षा कारणों से खाली कराया जा चुका है, और अब आस-पास के तीन से चार अन्य गांवों को भी खाली करने की तैयारी जारी है। वहीँ मौसम विभाग की ओर से जारी बारिश के अलर्ट ने इस चिंता को और बढ़ा दिया है।

जानकारी के अनुसार 25 मेगावाट की पन विद्युत परियोजना की एचआरडी सुरंग में पानी के रिसाव के कारण मुल्थान गांव और बाजार में बाढ़ जैसे हालात हो गए हैं। क्षेत्र में गंभीर क्षति की सूचना है। पानी के तेज बहाव के कारण रिहायशी इलाके और किसानों के उपजाऊ खेत भी बर्बाद हो गये हैं।

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जानकारी के अनुसार दक्षिण की एक निजी कंपनी द्वारा निर्मित इस प्रोजेक्ट से जुडी एचआरडी टनल में पिछले साल रिसाव हो गया था, जिससे परियोजना प्रबंधन और आसपास के लोगों को नुकसान हुआ था। आपको बता दें कि लबांडग 25 मेगावाट बिजली परियोजना का निर्माण कार्य 2003 में शुरू हुआ था। इस साल फरवरी में बिजली उत्पादन शुरू होने के बाद सुरंग में पानी के रिसाव के कारण यह ठप हो गया है।

उधर, मुल्थान में हुई तबाही के बाद तहसील कार्यालय में प्रभावित परिवारों का आक्रोश देखने को मिला। प्रभावित परिवारों के समर्थन में आए ग्रामीणों ने पावर प्रोजेक्ट की लापरवाही पर खूब खरी खोटी सुनाई। मौके पर मौजूद राजस्व विभाग के अधिकारियों और पुलिस अधिकारियों के शांत करने के बाद भी ग्रामीणों का आक्रोश देखने को मिला।

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मुल्थान में हुई तबाही  करीब पांच हजार से अधिक आबादी को कांगड़ा और मंडी में पहुंचने के लिए मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। पानी के तेज बहाव से आए मलबे और पत्थर से प्रभावित परिवार के सदस्य ज्ञान चंद, प्रेम चंद, नानक चंद, प्रीतम, रणजीत, नागपाल, बीरी सिंह, रतन चंद, जगदीश, राजकुमार, रामचंद के परिवार के सदस्यों ने उचित मुआवजे की मांग करते हुए विद्युत परियोजना को भी गांव से हटाने की मांग की। लोगों का कहना है कि कंपनी प्रबंधन से मुआवजे को लेकर लिखित रूप में समझौता होने के बाद ही वह मुल्थान बाजार से मलबा हटाने देंगे।

Himachal News: Multhan Disaster कंपनी ने की मुआवजे की घोषणा

उधर, मुल्थान हाइड्रो प्रोजेक्ट की एचआरडी में अचानक पानी के रिसाव से करोड़ों का नुकसान उठाने के बाद परियोजना प्रबंधन ने प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा दिलाने का एलान शनिवार को फिर किया है। वहीं आपदा की इस स्थिति में हर प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थानों में ठहरने और खाने की व्यवस्था भी परियोजना प्रबंधन के माध्यम से की जा रही है। प्रोजेक्ट मैनेजर देवी सिंह चौहान ने बताया कि हर स्थिति का जायजा लिया जा रहा है। प्रबंधन प्रभावितों के साथ है।

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