Prajasatta Side Scroll Menu
Bahra University - Shimla Hills

Himachal News: हिमाचल के सरकारी स्कूलों को देश में सर्वश्रेष्ठ बनाने का संकल्प, CM सुक्खू ने छात्रों से साझा किए सफलता के मंत्र

CM Sukhvinder Singh Sukhu: मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने छोटा शिमला स्थित सीबीएसई स्कूल में विद्यार्थियों के साथ संवाद करते हुए शिक्षा व्यवस्था में सुधार और नशा मुक्ति के लिए युवाओं की सक्रिय भूमिका पर जोर दिया।
Published on: 25 May 2026
Himachal News: हिमाचल के सरकारी स्कूलों को देश में सर्वश्रेष्ठ बनाने का संकल्प, CM सुक्खू ने छात्रों से साझा किए सफलता के मंत्र

Himachal News Today: शिमला स्थित नव स्तरोन्नत सीबीएसई राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, छोटा शिमला में सोमवार को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने एक अनूठा संवाद कार्यक्रम आयोजित किया। इस दौरान उन्होंने शिक्षा, करियर, खेल, नेतृत्व और नशा मुक्ति जैसे गंभीर विषयों पर विद्यार्थियों के साथ खुलकर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार का मुख्य लक्ष्य हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों को देश के सर्वश्रेष्ठ शिक्षण संस्थानों की श्रेणी में खड़ा करना है। उन्होंने कहा कि वे यहां कोई औपचारिक भाषण देने नहीं, बल्कि विद्यार्थियों की समस्याओं को करीब से समझने और शिक्षा प्रणाली में व्याप्त कमियों को दूर करने के उद्देश्य से पहुंचे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में जो सुधार शुरू किए हैं, उनके सकारात्मक प्रभाव धरातल पर दिखने लगे हैं। उनका मानना है कि सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को भी निजी संस्थानों जैसी ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और सुविधाएं मिलनी चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकारी स्कूलों के शिक्षक अत्यंत मेहनती और प्रतियोगी परीक्षाओं के माध्यम से चयनित होते हैं। यदि इन स्कूलों में संसाधनों और आधारभूत सुविधाओं को मजबूत किया जाए, तो सरकारी स्कूल किसी भी निजी संस्थान से बेहतर प्रदर्शन करने में सक्षम हैं।

संवाद सत्र के दौरान विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री से उनके व्यक्तिगत अनुभवों और छात्र राजनीति के सफर के बारे में कई उत्सुकतापूर्ण प्रश्न पूछे। आरव ठाकुर के एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने बताया कि अपने स्कूल के दिनों में वे वाद-विवाद प्रतियोगिताओं के साथ-साथ हॉकी, क्रिकेट और हैंडबॉल के उत्साही खिलाड़ी रहे हैं। वे हैंडबॉल टीम के कप्तान भी रह चुके हैं और उन्हें ट्रैकिंग का काफी शौक रहा है। उन्होंने अपनी टापरी से रिकांगपिओ तक की पहली ट्रैकिंग यात्रा को अपने जीवन का एक यादगार हिस्सा बताया।

कक्षा सात की छात्रा राधा के प्रश्न पर उन्होंने अपने राजनीतिक सफर के संघर्षों को साझा किया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार कक्षा 10 में स्कूल हड़ताल के दौरान छात्र प्रतिनिधि बनने से लेकर एनएसयूआई और प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष पद तक का सफर अनुशासन और कठिन परिश्रम से तय हुआ। उन्होंने स्वीकार किया कि शुरुआत में उनके माता-पिता उन्हें राजनीति छोड़कर नौकरी करने की सलाह देते थे, लेकिन वे अपने लक्ष्य पर अडिग रहे।

संवाद के दौरान विद्यार्थियों ने स्कूल में भौतिक विज्ञान के शिक्षक के पद रिक्त होने और राजनीति विज्ञान के लिए शिक्षकों की कमी का मुद्दा उठाया। मुख्यमंत्री ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आश्वासन दिया कि विद्यालय के सीबीएसई प्रणाली में आने के बाद सभी रिक्त पदों को 30 जून से पहले भर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सीबीएसई पाठ्यक्रम लागू होने से विद्यार्थियों को अब विषयों के व्यापक विकल्प मिलेंगे, जिससे उनकी पढ़ाई को एक नई और बेहतर दिशा मिलेगी।

कक्षा 12 के छात्र दिव्यांश के प्रश्न का उत्तर देते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि जीवन में अच्छे अंक महत्वपूर्ण हैं, लेकिन केवल वही सफलता की गारंटी नहीं हैं। उन्होंने छात्रों को सलाह दी कि वे किताबी ज्ञान के साथ-साथ अपने व्यक्तित्व विकास और विभिन्न प्रकार के कौशल सीखने पर ध्यान दें।

अंत में, मुख्यमंत्री ने युवाओं को नशा विरोधी अभियान में अपनी जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे नशा तस्करी के खिलाफ आवाज उठाएं और जागरूक नागरिक बनें। साथ ही, उन्होंने 5 जून को शिमला में आयोजित होने वाली ‘एंटी-चिट्टा’ रैली में विद्यार्थियों को बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए आमंत्रित किया। कार्यक्रम के समापन पर उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासन और समर्पण को सफलता का मूल मंत्र बताया।

CM Sukhvinder Singh SukhuHimachal NewsHimachal News HindiHimachal News TodayHimachal News Update

Join WhatsApp

Join Now