Copper Prices Increased: घरेलू सामान खरीदने वालों के लिए बुरी खबर! तांबे की कीमतों में रिकॉर्ड तोड़ बढ़ोतरी ने निर्माताओं की लागत बढ़ा दी है, जिसका सीधा असर अब उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ने वाला है। एयर कंडीशनर, फैंसी बाथ फिटिंग्स और तांबे के बर्तनों की कीमतें जल्द ही 7-10% तक महंगी हो सकती हैं।
ब्लूमबर्ग और MCX के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, वैश्विक स्तर पर तांबे की कीमत 12,500 डॉलर प्रति टन के पार पहुंच गई है, जबकि भारत में MCX पर यह करीब 1300 रुपये प्रति किलोग्राम तक जा चुकी है – पिछले साल की तुलना में 40% से ज्यादा की छलांग। ब्रास की कीमतों में भी 15-18% की तेजी आई है।
एयर कंडीशनर बनाने वाली कंपनियां सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। कॉपर कॉइल्स AC की इनपुट लागत का बड़ा हिस्सा हैं। उद्योग विशेषज्ञों का कहना है कि AC की उत्पादन लागत में 8-10% का इजाफा हो चुका है। नए एनर्जी रेटिंग नियमों के साथ मिलकर यह असर और बढ़ेगा, जिससे AC की खुदरा कीमतें 7-8% तक महंगी हो जाएंगी। गोडरेज जैसे ब्रांड्स पहले ही संकेत दे चुके हैं कि कीमतें बढ़ानी पड़ेंगी।
तांबे के बर्तन और लग्जरी बाथवेयर बनाने वाली कंपनियां भी लागत नहीं झेल पा रही हैं। वंडरचेफ और सोमनी जैसे ब्रांड्स 5-10% तक दाम बढ़ाने की योजना बना रहे हैं। तांबा इन प्रोडक्ट्स में ‘गोल्ड स्टैंडर्ड’ माना जाता है – चाहे किचन यूटेंसिल्स हों या बाथरूम फिटिंग्स।
इस उछाल की वजह? सप्लाई में रुकावटें, चीन की इकोनॉमी में सुधार की उम्मीदें, ब्याज दरों में कटौती, कमजोर डॉलर और AI-डेटा सेंटर्स के लिए भारी खर्च। खदानों में उत्पादन बाधित होने से ग्लोबल सप्लाई टाइट हो गई है। निर्माता एक सीमा तक लागत सोख सकते हैं, लेकिन अब बोझ ग्राहकों पर डाला जा रहा है। अगर आप नया AC या तांबे का सामान खरीदने का प्लान बना रहे हैं, तो जल्दी करें – देर हुई तो कीमतें और चढ़ सकती हैं!













