Cement Prices Increase: हिमाचल प्रदेश में नए साल की शुरुआत ही महंगाई के साथ हो गई है। प्रमुख सीमेंट कंपनियों ने एक के बाद एक प्रति बोरी 5-5 रुपये की बढ़ोतरी कर कुल 10 रुपये का इजाफा कर दिया। रविवार रात पहली बढ़ोतरी और सोमवार रात दूसरी – दोनों ही चरणों में दाम बढ़ाए गए। अब प्रदेशभर में सीमेंट की एक बोरी 10 रुपये महंगी हो चुकी है।
जिलों के हिसाब से दाम अलग-अलग हैं – कहीं 380 रुपये प्रति बोरी तो कहीं इससे ज्यादा या कम। मंगलवार से नई कीमतें लागू होने के बाद उपभोक्ताओं की जेब पर सीधा असर पड़ेगा। घर बनाने वाले, ठेकेदार, बिल्डर और रियल एस्टेट से जुड़े लोग बेहद नाराज हैं। उनका कहना है कि यह अचानक झटका निर्माण कार्यों को महंगा बना देगा।
बिना वजह की बढ़ोतरी, लोगों में गुस्सा
सबसे हैरानी वाली बात यह कि न कच्चे माल के दाम बढ़े, न पेट्रोल-डीजल महंगा हुआ। फिर भी कंपनियों ने दाम क्यों बढ़ाए? यह सवाल हर कोई पूछ रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह मनमानी लग रही है और इससे आम जनता पर बोझ पड़ रहा है।
आगे और महंगा हो सकता है सीमेंट?
सूत्रों की मानें तो आने वाले दिनों में सीमेंट के दामों में एक और बढ़ोतरी हो सकती है। इससे निर्माण क्षेत्र पर भारी असर पड़ेगा और पहले से महंगाई की चपेट में आई हिमाचल की जनता की मुश्किलें और बढ़ जाएंगी। घर का सपना देख रहे लोग अब सोच में पड़ गए हैं कि आखिर यह सिलसिला कब थमेंगा?
जयराम ठाकुर का कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला!
वहीं सीमेंट की कीमतें बढ़ने पर नेता प्रतिपक्ष ने जयराम ठाकुर का कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने जीएसटी घटाकर सीमेंट के दाम कम करने का संवेदनशील और जनहितकारी निर्णय लिया था, ताकि लोगों को राहत मिल सके। लेकिन हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने उस राहत को खत्म करते हुए एडिशनल गुड्स टैक्स लगाकर सीमेंट को फिर महंगा कर दिया। यह फैसला पूरी तरह जनविरोधी है और प्राकृतिक आपदा में सब कुछ खो चुके लोगों के साथ अन्याय है।
उन्होंने याद दिलाया कि वर्ष 2023 की त्रासदी के दौरान भी कांग्रेस सरकार ने डीजल पर वैट बढ़ाकर प्रदेशवासियों पर अतिरिक्त बोझ डाला था। जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार की नीतियां यह दर्शाती हैं कि न तो उसे आपदा पीड़ितों की पीड़ा का एहसास है और न ही उनके पुनर्वास की चिंता। उन्होंने मांग की कि इस समय राहत देने की जरूरत है, न कि नए-नए कर लगाकर पीड़ितों की मुश्किलें बढ़ाने की। भाजपा आपदा पीड़ितों के हक की लड़ाई सड़क से सदन तक मजबूती से लड़ेगी और सरकार के हर जनविरोधी फैसले का विरोध जारी रखेगी।
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि हिमाचल प्रदेश इस समय गंभीर आपदा की चपेट में है। हजारों लोग बेघर हो चुके हैं, जबकि उससे कहीं अधिक लोगों के घर और पशुशालाएं आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुई हैं। ऐसे हालात में सरकार एक ओर प्रभावितों की पर्याप्त मदद नहीं कर पा रही है, वहीं दूसरी ओर सीमेंट के दाम बढ़ाकर उन लोगों के लिए नई मुश्किलें खड़ी कर रही है जो अपने स्तर पर घरों का पुनर्निर्माण कर रहे हैं। जयराम ठाकुर ने कहा कि आपदा के समय बार-बार सीमेंट के दाम बढ़ाना प्रभावितों के साथ अमानवीय व्यवहार है।
















