Himachal News: हिमाचल प्रदेश पुलिस ने कांगड़ा जिले के गग्गल एयरपोर्ट और ऊना जिले के गगरेट क्षेत्र में हुए कथित बेनामी जमीन सौदों और संदिग्ध लेनदेन की जांच के लिए विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है। इस एसआईटी की कमान डीआईजी सौम्या सांबसिवन को सौंपी गई है। पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार, विकास परियोजनाओं से जुड़े क्षेत्रों में जमीन के स्वामित्व और खरीद-फरोख्त को लेकर गंभीर अनियमितताओं की सूचनाएं मिलने के बाद यह कदम उठाया गया है।
एसआईटी में डीआईजी सौम्या सांबसिवन को अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि पुलिस मुख्यालय के एसपी रमन शर्मा, छठी आईआरबी के डीएसपी प्रताप ठाकुर और धर्मशाला साइबर क्राइम के निरीक्षक कमलेश को सदस्य नियुक्त किया गया है। यह टीम कांगड़ा और ऊना जिलों में जमीन से जुड़े लेनदेन की व्यापक जांच करेगी।
जांच का मुख्य फोकस गग्गल एयरपोर्ट के आसपास और गगरेट क्षेत्र में हुए जमीन सौदों पर रहेगा। एसआईटी यह पता लगाएगी कि जमीन के अधिग्रहण और हस्तांतरण में कहीं नियमों की अनदेखी या अवैध तरीके से लेनदेन तो नहीं किए गए। विशेष रूप से हिमाचल प्रदेश टेनेंसी एंड लैंड रिफॉर्म्स एक्ट, 1972 की धारा 118 के तहत लागू प्रावधानों के संभावित दुरुपयोग की भी जांच की जाएगी।
पुलिस महानिदेशक अशोक तिवारी की ओर से जारी आदेश में एसआईटी को तीन महीने के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही टीम को हर सप्ताह प्रगति रिपोर्ट भी प्रस्तुत करनी होगी, ताकि जांच पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पूरी हो सके।
पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आवश्यक कानूनी, आपराधिक या प्रशासनिक कार्रवाई की सिफारिश की जाएगी। इस कार्रवाई का उद्देश्य कानून का सख्ती से पालन सुनिश्चित करना और जनता के विश्वास को बनाए रखना है।
बता दें कि बीते दिन हिमाचल विधानसभा के सत्र में गगरेट के विधायक राकेश कालिया ने इस मुद्दे को उठाया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि उत्तराखंड से रिटायर्ड एक अधिकारी द्वारा गगरेट और गग्गल एयरपोर्ट में अवैध तरीके से और नियमों को ताक पर रखकर जमीनों की खरीददारी की जा रही है। जिसके बाद मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह ने इस मामले की जांच निष्पक्ष तरीके से करवाने का आश्वासन दिया था।
















