Prajasatta Side Scroll Menu
Bahra University - Shimla Hills

Himachal News: हिमाचल में शिक्षण संस्थानों में रील और वीडियो बनाने पर सख्त पाबंदी..!

Himachal News: हिमाचल में शिक्षण संस्थानों में रील और वीडियो बनाने पर सख्त पाबंदी..!

Himachal News: हिमाचल प्रदेश के सभी शिक्षण संस्थानों में अब स्कूल और कॉलेज के समय में वीडियो या रील बनाने और उन्हें सोशल मीडिया पर वायरल करने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। उच्च शिक्षा निदेशालय ने इस संबंध में सख्त निर्देश जारी किए हैं। सभी स्कूल और कॉलेज प्रमुखों को आदेश दिया गया है कि कैंपस में ऐसी गतिविधियां करने की अनुमति बिल्कुल नहीं दी जाएगी।

शिक्षकों पर भी नजर

शिक्षा विभाग का मानना है कि यह देखा गया था कि कुछ शिक्षक और कर्मचारी स्कूली बच्चों के डांस और अन्य गतिविधियों से जुड़े वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड कर रहे थे। यह न केवल छात्रों की पढ़ाई को प्रभावित कर रहा था, बल्कि उन्हें सोशल मीडिया की तरफ और ज्यादा आकर्षित कर रहा था। ऐसे में उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. अमरजीत शर्मा ने यह साफ कर दिया है कि स्कूल के समय में ऐसी गतिविधियों पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाया जाएगा।

इसे भी पढ़ें:  लुहरी हाइड्रो प्रोजेक्ट से प्रभावित किसानों ने खोला मोर्चा, मुआवजा और रोजगार न मिलने से भड़के लोग

शैक्षणिक माहौल बनाए रखने पर जोर

डॉ. अमरजीत शर्मा ने कहा, “ऐसी गैर-शैक्षणिक गतिविधियां न केवल छात्रों का ध्यान उनकी पढ़ाई से भटकाती हैं, बल्कि उनके समय और ऊर्जा को भी बर्बाद करती हैं। इनका छात्रों के व्यक्तित्व निर्माण, शैक्षणिक प्रदर्शन या समग्र विकास में कोई योगदान नहीं है। अब शिक्षकों और छात्रों दोनों को सार्थक शैक्षणिक, सह-पाठ्यचर्या, और राष्ट्र निर्माण की गतिविधियों में प्रेरित और सक्रिय रूप से शामिल करने पर जोर दिया जाएगा।”

सख्त निगरानी के निर्देश

सभी जिलों को सर्कुलर जारी करते हुए शिक्षा निदेशालय ने संस्थानों के प्रमुखों को सख्त निगरानी रखने के निर्देश दिए हैं। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि विद्यालय परिसर में कोई भी अनावश्यक वीडियो या रील न बनाई जाए। साथ ही छात्रों को खेल, सह-पाठ्यचर्या और शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल करने के प्रयास किए जाएंगे ताकि वे बेहतर नागरिक बन सकें।

इसे भी पढ़ें:  विधानसभा अध्‍यक्ष विपिन सिंह परमार को हटाने की मांग पर अड़ा विपक्ष

सोशल मीडिया की लत से बचाने का प्रयास

शिक्षा विभाग का मानना है कि सोशल मीडिया का अनावश्यक उपयोग बच्चों को शुरुआती उम्र में ही इसकी लत का शिकार बना सकता है। इसके दुष्परिणामों को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है। अब शिक्षकों और कर्मचारियों को भी अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी और छात्रों को सही दिशा में प्रेरित करना होगा।

Aaj Ki KhabrenHimachal Latest NewsHimachal NewsHimachal News in HindiHimachal Pradesh NewsHimachal Pradesh samacharHimachal updateHimachal Water ScamHP Latest NewsHP News in HindiHP News Today

Join WhatsApp

Join Now