Fake Traffic challan Scam: साइबर ठग अब लोगों को ठगने के लिए हर दिन नए तरीके अपना रहे हैं। कभी बैंक से जुड़े फिशिंग मैसेज भेजे जा रहे हैं तो कभी फर्जी ई-चालान का डर दिखाकर लोगों को निशाना बनाया जा रहा है। हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुए कुछ पोस्ट्स ने इस नए ऑनलाइन फ्रॉड की पोल खोल दी है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक यूजर ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि वह एक बड़े ऑनलाइन फ्रॉड का शिकार होते-होते बच गया। यूजर ने लिखा कि उसे ऐसा मैसेज मिला, जिसे देखकर वह लगभग अपने कार्ड की जानकारी डालने ही वाला था। बाद में जब उसने लिंक के डोमेन की जांच की तो उसे ठगी का शक हुआ। यूजर का कहना था कि सोचने वाली बात यह है कि कितने लोग ऐसे जाल में फंस रहे होंगे और कितना बड़ा फ्रॉड चल रहा होगा।
यूजर ने अपने पोस्ट के साथ कुछ स्क्रीनशॉट भी शेयर किए। इनमें दिखाया गया कि उसे एक SMS मिला था, जिसमें दावा किया गया था कि उसकी गाड़ी तेज रफ्तार में चलने के कारण ट्रैफिक कैमरे में कैद हो गई है। मैसेज में चालान भरने के लिए एक लिंक दिया गया था और ट्रैफिक नियमों का पालन करने की सलाह भी लिखी गई थी, ताकि मैसेज पूरी तरह असली लगे।
Who says Indians are not innovative? Look at the sophistication of this scam 😱 I almost entered my card details before googling the domain. Insane amount of fraud must be happening with so many people. By the time police starts acting on it, they’d make millions! Terrible 😠 pic.twitter.com/KZyg6R4RnI
— Shridhar V (@iimcomic) January 17, 2026
इसी पोस्ट के नीचे एक अन्य यूजर ने Airtel का एक वार्निंग मैसेज साझा किया, जिसमें “Airtel Warning: SPAM” लिखा था। इसके साथ वही फर्जी ट्रैफिक चालान वाला मैसेज और लिंक मौजूद था, जिससे साफ हो गया कि यह एक स्कैम है।
Look at how cunning the design is! Whatever you input as the vehicle/DL number comes next to the challan number in the next page to make it even more believable. See this: pic.twitter.com/yUqmOBMvx6
— Shridhar V (@iimcomic) January 17, 2026
हालांकि यह यूजर समय रहते सतर्क हो गया, लेकिन ऐसे मैसेज आम लोगों के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकते हैं। अचानक चालान का मैसेज आने से लोग घबरा जाते हैं और बिना सोचे-समझे लिंक पर क्लिक कर देते हैं। कई मामलों में जैसे ही लिंक खुलता है, साइबर ठग बैंक डिटेल और OTP हासिल कर लेते हैं और खाते से पैसा निकाल लेते हैं।
उधर, पुलिस और साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ पहले भी इस तरह के फिशिंग स्कैम को लेकर चेतावनी दे चुके हैं। उनका कहना है कि ऐसे मैसेज जानबूझकर असली ई-चालान जैसे बनाए जाते हैं, ताकि लोग आसानी से भरोसा कर लें और ठगी का शिकार हो जाएं।
साइबर पुलिस का कहना है कि असली ट्रैफिक चालान की जानकारी केवल सरकारी पोर्टल या आधिकारिक ऐप पर ही मिलती है। किसी भी अनजान SMS या लिंक पर क्लिक न करें। अगर चालान की जानकारी देखनी हो, तो सीधे परिवहन विभाग या ट्रैफिक पुलिस की वेबसाइट पर जाकर जांच करें। किसी भी संदिग्ध मैसेज की तुरंत साइबर क्राइम हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराएं।
डिजिटल दौर में थोड़ी सी लापरवाही भारी नुकसान पहुंचा सकती है। इसलिए चालान या भुगतान से जुड़े किसी भी मैसेज पर बिना जांच भरोसा करना खतरनाक हो सकता है। सतर्क रहकर ही ऐसे साइबर फ्रॉड से बचा जा सकता है।














