Himachal Politics News: हिमाचल सरकार में लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में चलाए जा रहे ‘संगठन सृजन विस्तार’ अभियान के तहत सैकड़ों लोगों को पार्टी की विचारधारा से जोड़ा जा रहा है। उन्होंने बताया कि शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस लगातार मजबूत हो रही है और इसी कड़ी में 70 से अधिक नए लोगों ने पार्टी का दामन थामा है।
प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय ‘राजीव भवन’ में नए कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस देश और प्रदेश की एकता तथा विकास को समर्पित एक मजबूत विचारधारा है। इस दौरान मीडिया से बातचीत में मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने मंडी से भाजपा सांसद कंगना रनौत के हालिया बयान पर जोरदार हमला बोला है।

शिमला स्थित प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि देश के युवाओं के लिए ‘कीड़े-मकोड़े’ और ‘गटर छाप’ जैसे शब्दों का प्रयोग करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने सवाल उठाया कि एक निर्वाचित सांसद को ऐसी भाषा कहां से मिलती है और क्या उन्हें इस तरह के शब्दों की ट्रेनिंग किसी व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी से दी जाती है।
विक्रमादित्य सिंह ने स्पष्ट किया कि युवाओं के प्रति ऐसी भाषा का इस्तेमाल करना और उनके खिलाफ जहर उगलना किसी भी जनप्रतिनिधि की मर्यादा के खिलाफ है। उन्होंने ध्यान दिलाया कि जिन लोगों को सांसद द्वारा ‘गटर छाप’ बताया जा रहा है, उन्हीं के साथ भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे हैं।
गौरतलब है कि कंगना रनौत ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन और Gen-Z के व्यवहार पर सोशल मीडिया पर टिप्पणी करते हुए युवाओं के पालन-पोषण पर सवाल उठाए थे। राजनीतिक बयानबाजी के साथ-साथ विक्रमादित्य सिंह ने प्रदेश में जारी विकास कार्यों और आपदा राहत का ब्योरा भी साझा किया।
उन्होंने बताया कि हिमाचल प्रदेश में बारिश के कारण कुल 211 सड़कें बंद हो गई थीं। लोक निर्माण विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए भारी मशीनरी तैनात की है, जिससे शाम तक 121 सड़कों को बहाल कर दिया जाएगा। आम जनता और यात्रियों की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए विभाग द्वारा युद्धस्तर पर काम किया जा रहा है।
सड़क बुनियादी ढांचे की मजबूती का उल्लेख करते हुए मंत्री ने बताया कि भारत सरकार के सड़क परिवहन मंत्रालय से CRIF 2026-27 के तहत राज्य को 239.45 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति प्राप्त हुई है। इस धनराशि से प्रदेश की दो प्रमुख सड़क परियोजनाओं का उन्नयन किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, कोटखाई, जुब्बल, रोहड़ू और आसपास के सेब उत्पादक क्षेत्रों के लिए बेहद महत्वपूर्ण यशवंतनगर-राजगढ़ सड़क के उन्नयन हेतु लगभग 290 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं।
यशवंतनगर-राजगढ़ सड़क परियोजना पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि इस मार्ग से सेब और अन्य बागवानी उत्पादों का मुख्य परिवहन होता है। विभाग को सभी औपचारिकताएं पूरी कर शीघ्र टेंडर प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि मानसून सत्र के बाद निर्माण कार्य गति पकड़ सके। इस परियोजना से 4 से 5 विधानसभा क्षेत्रों के लोगों और बागवानों को सीधा लाभ मिलेगा। इसके साथ ही बिरादरी क्षेत्र की सड़क परियोजना के लिए करीब 60 करोड़ रुपये और पहले छूटे हुए 16 किलोमीटर सड़क खंड के लिए केंद्र से 50 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं।


















