Himachal Politics News: हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एवं वर्तमान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने बुधवार को सिरमौर जिले के पच्छाद और नाहन विधानसभा क्षेत्रों का व्यापक दौरा किया। इस दौरान उन्होंने सराहां में आयोजित पंचायती राज संस्थाओं के नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों के सम्मान समारोह में हिस्सा लिया तथा नाहन में आयोजित जनप्रतिनिधि सम्मान एवं कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित किया।
अपने संबोधन के दौरान उन्होंने नवनिर्वाचित प्रतिनिधियों को जीत की बधाई दी और पार्टी संगठन को बूथ स्तर तक अधिक मजबूत बनाने का स्पष्ट आह्वान किया। नाहन और सराहां में जनसभाओं को संबोधित करते हुए जयराम ठाकुर ने दावा किया कि हाल ही में संपन्न पंचायती राज संस्थाओं और स्थानीय निकायों के चुनावों में भारतीय जनता पार्टी को मिली एकतरफा जीत प्रदेश की जनता के अटूट विश्वास का प्रत्यक्ष प्रमाण है।
उन्होंने राज्य की सुक्खू सरकार पर हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि वर्तमान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व वाली सरकार ने स्थानीय निकायों और पंचायती राज चुनावों में देरी कराने का भरपूर प्रयास किया था, लेकिन भाजपा ने इन चुनावों को तय समय पर कराने के लिए उच्च न्यायालय से लेकर सर्वोच्च न्यायालय तक कानूनी लड़ाई लड़ी। उन्होंने कहा कि चुनाव परिणामों के माध्यम से राज्य की जनता ने सुक्खू सरकार की नीतियों के खिलाफ अपना स्पष्ट जनादेश दे दिया है।
सराहां में आयोजित कार्यक्रम के दौरान नेता प्रतिपक्ष ने सामरिक एवं क्षेत्रीय दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण किशाऊ बांध परियोजना का विशेष रूप से उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दूरदर्शी नेतृत्व के कारण ही इस महत्वाकांक्षी अंतरराज्यीय परियोजना के निर्माण का मार्ग प्रशस्त और आसान हो पाया है।
जयराम ठाकुर ने विस्तृत जानकारी देते हुए दावा किया कि इस विशाल परियोजना की कुल निर्माण लागत का 90 प्रतिशत हिस्सा केंद्र सरकार वहन करेगी, जबकि शेष केवल 10 प्रतिशत हिस्सा ही संबंधित लाभार्थी राज्यों को आपस में मिलकर देना होगा। उन्होंने रेखांकित किया कि यह परियोजना पूर्ण होने के पश्चात हिमाचल प्रदेश सहित पड़ोसी राज्यों की ऊर्जा, सिंचाई और पेयजल संबंधी आवश्यकताओं की पूर्ति में ऐतिहासिक भूमिका निभाएगी।
जयराम ठाकुर ने केंद्र के प्रयासों का श्रेय राज्य सरकार द्वारा लेने पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि यह अत्यंत हैरानी की बात है कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू इस राष्ट्रीय परियोजना का श्रेय लेने के लिए अपनी पीठ खुद थपथपा रहे हैं, जबकि वास्तव में इसके लिए सभी बुनियादी प्रयास केंद्र सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय जल संसाधन मंत्री सीआर पाटिल और भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों द्वारा किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि जिस परियोजना में राज्य का योगदान न्यूनतम है, उसका राजनीतिक माइलेज लेने का राज्य सरकार का प्रयास पूरी तरह से अनुचित और बेबुनियाद है। अपने सिरमौर प्रवास के दौरान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने पच्छाद विधानसभा क्षेत्र में स्थानीय महिलाओं द्वारा स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से सफलतापूर्वक संचालित किए जा रहे ‘शी हाट’ का भी दौरा किया।
वहां उन्होंने कार्य कर रही महिलाओं से मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया और उनके द्वारा तैयार किए जा रहे स्थानीय हस्तशिल्प व उत्पादों की विस्तृत जानकारी ली। ‘शी हाट’ की सराहना करते हुए जयराम ठाकुर ने कहा कि यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘वोकल फॉर लोकल’ के राष्ट्रीय संकल्प को धरातल पर सशक्त बनाने का एक अत्यंत सराहनीय और प्रभावी माध्यम सिद्ध हो रही है।


















