साइड स्क्रोल मेनू
Kasauli International Public School, Sanwara (Shimla Hills)

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मुख्यमंत्री से प्रदेश में भारी वर्षा के कारण हुए नुकसान के संबंध में बात की

हिमाचल और उत्तराखंड में औद्योगिक विकास योजना, 2017 के अंतर्गत अतिरिक्त धन की आवश्यकता को मंजूरी
Preferred_source_publisher_button.width-500.format-webp

शिमला
संकट से बाहर निकलने के लिए प्रदेश सरकार को पूर्ण सहयोग का आश्वासन

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने हिमाचल प्रदेश में भारी वर्षा तथा बाढ़ के कारण हुए जान व माल के नुकसान के संबंध में आज मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू से दूरभाष पर बात की तथा स्थिति का जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने उन्हें बताया कि प्रदेश बाढ़ तथा भारी वर्षा से बुरी तरह प्रभावित है जिससे भारी नुकसान हुआ है। उन्होंने प्रधानमंत्री को अद्यतन स्थिति से अवगत करवाया तथा इस प्राकृतिक आपदा से निपटने के लिए केन्द्र सरकार से उदार सहायता का आग्रह किया।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को बताया कि प्रदेश सरकार स्थिति की गहन निगरानी कर रही है तथा प्रदेश में भारी वर्षा, बाढ़ तथा भूस्खलन के कारण सड़क, जल तथा बिजली आपूर्ति को भारी नुकसान हुआ है। इस आपदा के कारण 17 व्यक्तियों की मृत्यु दर्ज की गई है तथा प्रदेश में हजारों करोड़ रुपये का माली नुकसान हुआ है।
उन्होंने कहा कि भारी वर्षा के कारण पूरा राज्य प्रभावित हुआ है तथा प्रदेश सरकार बाढ़ से प्रभावित लोगों की सहायता के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। राज्य में फंसे लोगों को सभी आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति तथा सहायता प्रदान की जा रही है और मौसम में सुधार के साथ ही उन्हें एयर लिफ्ट करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में बचाव कार्यों में केन्द्र सरकार द्वारा राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल को तैनात करने के लिए प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश को इस आपदा से हुए भारी नुकसान से उबरने के लिए केन्द्र सरकार से सहायता की आवश्यकता है। उन्होंने प्रधानमंत्री से इस संकट से प्रदेश के उबरने की प्रक्रिया में विशेष आर्थिक पैकेज प्रदान करने की अपील की।
प्रधानमंत्री ने इस आपदा से बाहर निकलने के लिए प्रदेश को केन्द्र सरकार की ओर से पूर्ण सहयोग तथा हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया।
भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा ने भी मुख्यमंत्री से दूरभाष पर बात की तथा प्रदेश में हुए नुकसान और राहत तथा बचाव कार्यों का जायजा लिया।
मुख्यमंत्री ने केन्द्र सरकार से प्रदेश में उत्पन्न हुई इस स्थिति को राष्ट्रीय आपदा घोषित करने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि राज्य को इस संकट से उबरने में काफी समय लगेगा।
.0.

इसे भी पढ़ें:  कर्नाटक कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष का निधन

Join WhatsApp

Join Now