Sirmour Police News: जिला सिरमौर के रेणुकाजी पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत यातायात नियमों की अवहेलना और पुलिस टीम पर हमले की एक गंभीर घटना सामने आई है। बताया जा रहा है कि ददाहु-नाहन मुख्य मार्ग पर स्थित दृष्टि होटल के समीप विशेष नाकेबंदी के दौरान एक तेज रफ्तार मोटरसाइकिल चालक ने पुलिस की कार्रवाई से बचने के लिए वहां तैनात पुलिसकर्मी पर प्रहार कर दिया। इस हमले में हेड कांस्टेबल (HHC) बुरी तरह घायल हो गए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, थाना रेणुकाजी की पुलिस टीम क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एक विशेष अभियान चला रही थी। इसी दौरान पुलिस टीम ददाहु-नाहन सड़क पर दृष्टि होटल के पास आने-जाने वाले वाहनों की सघन जांच कर रही थी। तभी बायरी की ओर से एक मोटरसाइकिल, जिसकी पंजीकरण संख्या HP18C-8084 है, तेज रफ्तार में आती दिखाई दी।
ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने संदेह के आधार पर उक्त बाइक चालक को रुकने का इशारा किया। चालक ने वाहन को धीमा करने के बजाय उसकी रफ्तार और बढ़ा दी। पुलिस के घेरे को चकमा देने और कार्रवाई से बचने के लिए चालक ने लापरवाही से कट मारते हुए वहां से निकलने की कोशिश की। इसी आपाधापी में बाइक चालक का हेलमेट ड्यूटी पर तैनात HHC राजिंद्र सिंह की नाक पर जोर से जा लगा।
हेलमेट की टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि सिपाही राजिंद्र सिंह की नाक पर गहरी चोट आई और घटनास्थल पर ही अत्यधिक रक्तस्राव शुरू हो गया। सहयोगी पुलिसकर्मियों ने तुरंत घायल जवान को उपचार के लिए सिविल अस्पताल ददाहू पहुंचाया। वहां चिकित्सकों द्वारा उनका प्राथमिक उपचार और मेडिकल परीक्षण किया गया। डॉक्टरों के अनुसार नाक पर चोट गंभीर है, जिसके कारण उनकी स्थिति पर निगरानी रखी जा रही है।
इस मामले की पुष्टि करते हुए पुलिस अधीक्षक (एसपी) सिरमौर, एनएस नेगी ने बताया कि आरोपी बाइक चालक की पहचान कर ली गई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ थाना रेणुकाजी में विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में यह तथ्य स्पष्ट हुआ है कि बाइक चालक ने नाके पर पुलिस चेकिंग से बचने के लिए जानबूझकर और अत्यंत लापरवाहीपूर्ण तरीके से वाहन चलाया, जिससे सरकारी कर्मचारी को ड्यूटी के दौरान चोट पहुंची।
रेणुकाजी पुलिस ने वाहन नंबर के आधार पर चालक के विरुद्ध मामला दर्ज कर लिया है और जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि क्या चालक के पास वैध दस्तावेज थे या वह किसी अन्य संदिग्ध गतिविधि के कारण भागने की कोशिश कर रहा था। पुलिस का कहना है कि ड्यूटी पर तैनात सरकारी कर्मचारियों के साथ इस तरह की हिंसक घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
















