Google News Preferred Source
साइड स्क्रोल मेनू

Himachal Cloud Burst: छठे दिन भी जारी है रेस्क्यू अभियान, अभी भी 38 लोग लापता

Himachal Cloud Burst: हिमाचल में बादल फटने से भारी तबाही, 53 लोगों के लापता होने की सूचना

Himachal Cloud Burst: हिमाचल में बादल फटने की घटनाओं से शिमला, मनाली और कांगड़ा जिलों मे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो गया है। आपदा के छठे दिन भी रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। इस आपदा में अब तक 16 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 38 लोग लापता है। लापता लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू और खोजी अभियान जारी है। इसके लिए हिमाचल सरकार खोजी कुत्ते, लाइव डिटेक्टर और ड्रोन की मदद ले रही है।

Himachal Cloud Burst:समेज त्रासदी में अभी तक छह शव बरामद.!

मंगलवार को सुबह सुन्नी डैम के नजदीक दोगरी में एक और शव बरामद हुआ है जिसे पोस्टमार्टम के लिए सीएचसी भेजा है। जानकारी के अनुसार समेज त्रासदी के बाद से चल रहे सर्च ऑपरेशन के छठे दिन सुन्नी डैम के करीब दोगरी में एक शव बरामद हुए है। यह शव पुरुष का है। यह जानकारी अतिरित उपायुक्त अभिषेक वर्मा ने दी है।

इसे भी पढ़ें:  केंद्र सरकार को योजनाओं का श्रेय लेने का प्रयास कर रही है कांग्रेस : बिंदल

उन्होंने कहा कि पुरुष का शव सही हालात में है। शव को पोस्टमार्टम के लिए सीएचसी सुन्नी के लिए भेज दिया गया है। कुल्लू प्रशासन को भी इसके बारे में सूचना दे दी गई है। उन्होंने कहा सर्च ऑपरेशन तीव्र गति से चला हुआ है। बता दें कि समेज त्रासदी में अभी तक छह शव सर्च ऑपरेशन के दौरान बरामद किए जा चुके है।

Himachal Cloud Burst: हिमाचल में बादल फटने से हुई त्रासदी में लापता हुए थे 53 लोग 

बीते वर्ष से प्राकृतिक आपदा से जूझ रहे हिमाचल प्रदेश में इस बार भी बादल फटने के साथ मौत का सैलाब आया है। मंडी और कूल्लू, तीन जगहों पर बादल फटने से हादसे में अब तक 53 लोग लापता है। राज्य में बादल फटने की घटनाओं के बाद नदियों का रौद्र रूप देखने को मिला। शिमला जिले के समेज क्षेत्र, रामपुर क्षेत्र, कुल्लू के बाघीपुल क्षेत्र और मंडी के पद्दार क्षेत्र में बादल फटने से भारी तबाही हुई है।

इसे भी पढ़ें:  Una Rape Case: हाईकोर्ट ने दुष्कर्म के आरोपी एसडीएम को अग्रिम जमानत देने से किया इनकार, दुष्कर्म मामले में जांच तेज
YouTube video player
संस्थापक, प्रजासत्ता डिजिटल मीडिया प्रजासत्ता पाठकों और शुभचिंतको के स्वैच्छिक सहयोग से हर उस मुद्दे को बिना पक्षपात के उठाने की कोशिश करता है, जो बेहद महत्वपूर्ण हैं और जिन्हें मुख्यधारा की मीडिया नज़रंदाज़ करती रही है। पिछलें 9 वर्षों से प्रजासत्ता डिजिटल मीडिया संस्थान ने लोगों के बीच में अपनी अलग छाप बनाने का काम किया है।

Join WhatsApp

Join Now

प्रजासत्ता के 10 साल