Prajasatta Side Scroll Menu
Bahra University - Shimla Hills

Gold Silver Price Crash: सोना-चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक गिरावट- रिकॉर्ड हाई से 33% सस्ता हुआ गोल्ड, क्या अब खरीदारी का सही समय है?

Gold Silver Prices: अंतरराष्ट्रीय और घरेलू बाजार में सोना-चांदी की कीमतों में भारी बिकवाली देखी जा रही है। विशेषज्ञों से जानें इस गिरावट के पीछे की असली वजह और क्या निवेशकों को इस निचले स्तर पर खरीदारी करनी चाहिए। विस्तृत रिपोर्ट यहाँ पढ़ें।
Published on: 23 March 2026
Gold Silver Price Crash: सोना-चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक गिरावट- रिकॉर्ड हाई से 33% सस्ता हुआ गोल्ड, क्या अब खरीदारी का सही समय है?

Gold Silver Price Crash: अंतरराष्ट्रीय और घरेलू बाजार में सोमवार को सोने और चांदी की कीमतों में अचानक बड़ी गिरावट आई, जिससे बाजार में हलचल मच गई। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना गिरकर 4,200 डॉलर के नीचे चला गया, जो पिछले काफी समय का सबसे निचला स्तर है। चांदी का भी यही हाल रहा और इसके दाम गिरकर 61 डॉलर प्रति औंस तक आ गए।

भारत के MCX बाजार में भी इसका गहरा असर दिखा, जहाँ सोना अपने पिछले रिकॉर्ड स्तर से करीब 33% नीचे गिर गया। चांदी में तो और भी ज्यादा गिरावट देखी गई और यह अपने ऊंचे स्तर से लगभग आधी कीमत पर आ गई। हालांकि, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर हमला न करने का संकेत दिया, तो कीमतों में थोड़ी रिकवरी जरूर हुई, लेकिन निवेशकों के मन में अब भी डर बना हुआ है कि कहीं यह मंदी की शुरुआत तो नहीं।

जानकारों का कहना है कि इस गिरावट की मुख्य वजह डॉलर का मजबूत होना और बाजार में नकदी (कैश) की कमी है। जब डॉलर की वैल्यू बढ़ती है और अमेरिकी बॉन्ड में अच्छा रिटर्न मिलता है, तो लोग सोने-चांदी से पैसा निकालकर वहां लगाने लगते हैं। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक कोटक सिक्योरिटीज के विशेषज्ञों का मानना है कि यह गिरावट सोने की वैल्यू कम होने की वजह से नहीं, बल्कि बाजार की मौजूदा स्थिति और डर की वजह से है। अभी निवेशक रिस्क कम करने के लिए अपनी होल्डिंग बेच रहे हैं।

टेक्निकल नजरिए से देखें तो निकट अवधि में सोने का भाव 3,700 से 4,100 डॉलर प्रति औंस के बीच स्थिर हो सकता है। आने वाले समय के लिए विशेषज्ञों का मानना है कि सोना फिलहाल 1.15 लाख से 1.30 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के बीच रह सकता है। अगर यह 1.30 लाख से नीचे जाता है, तो लंबे समय के लिए निवेश करने वालों के लिए यह खरीदारी का एक बेहतरीन मौका हो सकता है।

वहीं चांदी में ज्यादा गिरावट इसलिए है क्योंकि इसका इस्तेमाल उद्योगों में भी होता है और आर्थिक सुस्ती की वजह से इसकी मांग घटने का डर है। कुल मिलाकर, बाजार में अभी घबराहट का माहौल है, लेकिन जानकारों की सलाह है कि ऐसे समय में संयम से काम लेना चाहिए क्योंकि भविष्य में यह निवेश फायदे का सौदा साबित हो सकता है।

एक्सपर्ट्स के मुताबिक चांदी के लिए 50 से 55 डॉलर प्रति औंस का दायरा मजबूत सपोर्ट माना जा रहा है। MCX पर यह लगभग 1.70 से 1.80 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के बराबर है। उनका कहना है कि अगर चांदी 2 लाख रुपये प्रति किलोग्राम से नीचे आती है तो इसे धीरे-धीरे खरीदने का मौका माना जा सकता है। वहीं ऊपर की तरफ 71 से 71.5 डॉलर यानी लगभग 2.25 से 2.30 लाख रुपये का स्तर रेजिस्टेंस हो सकता है।

बाजार के जानकारों का मानना है कि अभी सोने और चांदी की कीमतों में थोड़ी सुस्ती बनी रह सकती है। जो लोग शॉर्ट-टर्म ट्रेडिंग करते हैं, उनके लिए समझदारी इसी में है कि जब भी कीमतों में थोड़ा सुधार या उछाल आए, तो वे अपनी पोजीशन बेचकर मुनाफा निकाल लें।

दूसरी ओर, जो लोग लंबे समय के लिए निवेश करना चाहते हैं, उनके लिए कीमतों में आ रही यह गिरावट खरीदारी करने का एक अच्छा मौका साबित हो सकती है। एक्सपर्ट्स की सलाह है कि बाजार के मौजूदा उतार-चढ़ाव को देखकर घबराने की जरूरत नहीं है, बल्कि इस समय धैर्य रखना चाहिए। जब बाजार में डर का माहौल हो, तभी संभलकर किया गया निवेश भविष्य में बेहतर रिटर्न दिलाने में मदद करता है।

Disclaimer: यहाँ दी गई जानकारी सिर्फ आपकी मदद और जानकारी के लिए है। यह समझना बहुत जरूरी है कि शेयर बाजार या किसी भी तरह के मार्केट में निवेश करना पूरी तरह से जोखिमों के दायरे में आता है। इसलिए, अपना कीमती पैसा कहीं भी लगाने से पहले हमेशा किसी अनुभवी एक्सपर्ट या वित्तीय सलाहकार से राय जरूर लें।

Aaj Ki KhabrenGold Price Todayinvest in stocks IndiaNSE BSE updatesensex nifty todaySilver Price TodayStock Market Newsstock market tipsStock Market Today

Join WhatsApp

Join Now