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Himachal News: धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे के बाद हिमाचल में भूचाल! पुलिस भर्ती पेपर लीक के लिए जिम्मेदार अफसरों के नाम सार्वजनिक करने की उठी मांग

Himachal Police Constable Paper Leak 2022: नीट विवाद के बीच हिमाचल प्रदेश में 2022 पुलिस कांस्टेबल भर्ती मामले ने पकड़ा तूल, बीजेपी नेता परवीन शर्मा ने दोषी अधिकारियों के नाम सार्वजनिक करने की मांग की।
Published on: 25 July 2026
Himachal News: Himachal Police Constable Bharti Paper Leak 

Himachal News: देश भर में पेपर लीक और प्रशासनिक जवाबदेही को लेकर चल रही व्यापक चर्चा के बीच हिमाचल प्रदेश में भी पुरानी भर्ती धांधलियों का मुद्दा एक बार फिर गरमा गया है। देश में कॉकरोच जनता पार्टी द्वारा पेपर लीक को लेकर चलाए जा रहे आंदोलन और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान द्वारा 25 जुलाई 2026 को नीट-यूजी विवाद के चलते दिए गए इस्तीफे के बाद जवाबदेही तय करने की मांग तेज हो गई है।

इसका सीधा असर हिमाचल प्रदेश में दिखाई दे रहा है, जहां बहुचर्चित हिमाचल प्रदेश पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका को सार्वजनिक करने की मांग दोबारा उठने लगी है। बता दें कि हिमाचल प्रदेश में वर्ष 2022 में हुए बहुचर्चित पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले ने प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है।

दरअसल, इस मामले में सीबीआई द्वारा राज्य के कुछ वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के खिलाफ विभागीय सजा की सिफारिश की गई थी। हालांकि, लंबा समय बीत जाने के बावजूद राज्य सरकार की ओर से इस संदर्भ में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इस प्रशासनिक निष्क्रियता के कारण प्रदेश के युवाओं, परीक्षार्थियों और विपक्षी दलों में गहरा असंतोष देखा जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि 27 मार्च 2022 को राज्य में 1,334 पुलिस कांस्टेबल पदों के लिए लिखित परीक्षा आयोजित की गई थी, जिसका प्रश्नपत्र लीक हो गया था। मामला उजागर होने के तुरंत बाद राज्य सरकार ने परीक्षा को रद्द कर दिया था। प्रारंभिक जांच के दौरान राज्य पुलिस की विशेष जांच टीम ने कार्रवाई करते हुए लगभग 171 आरोपियों को गिरफ्तार किया था। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए आगे की जांच सीबीआई को सौंपी गई, जिसने छानबीन के बाद कुल 88 आरोपियों के खिलाफ अदालत में चार्जशीट दाखिल की।

सीबीआई ने अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट और अप्रैल 2024 में हिमाचल प्रदेश सरकार को भेजे गए आधिकारिक पत्र में भर्ती प्रक्रिया के दौरान गंभीर पेशेवर चूक, घोर लापरवाही और प्रक्रियागत उल्लंघन का स्पष्ट उल्लेख किया था। जांच एजेंसी ने आईपीएस अधिकारियों समेत चार वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के खिलाफ बड़ी विभागीय सजा देने की लिखित सिफारिश की थी। सुक्खू सरकार द्वारा मई 2026 में इस विषय पर कड़ा रुख अपनाने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद जमीनी स्तर पर अधिकारियों के खिलाफ अब तक कोई विभागीय कार्यवाही शुरू नहीं हो सकी है।

इस पूरे प्रकरण पर मंडी से भारतीय जनता पार्टी के नेता परवीन शर्मा ने राज्य सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने मामले की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए कहा, “जब गंगा धरती पर उतर ही गई है तो क्यों न सबके पाप धो दिए जाएं?” परवीन शर्मा ने सरकार के सामने तीन मुख्य मांगें रखी हैं। उन्होंने मांग की कि सीबीआई द्वारा चिन्हित अधिकारियों के नाम तुरंत सार्वजनिक किए जाएं, सरकार स्पष्ट करे कि दो वर्षों से इन अधिकारियों का बचाव क्यों किया जा रहा है, और दोषी अधिकारियों पर बिना किसी भेदभाव के तत्काल दंडात्मक कार्रवाई की जाए।

हिमाचल पुलिस भर्ती पेपर लीक के जिम्मेदार अफसरों के नाम सार्वजनिक करने की उठी मांग
हिमाचल पुलिस भर्ती पेपर लीक के जिम्मेदार अफसरों के नाम सार्वजनिक करने की उठी मांग

गौरतलब है कि हिमाचल प्रदेश में सरकारी भर्तियों में अनियमितता का यह इकलौता मामला नहीं है। इससे पहले दिसंबर 2022 में हिमाचल प्रदेश कर्मचारी चयन आयोग द्वारा आयोजित जूनियर ऑफिस असिस्टेंट परीक्षा का पेपर 2.5 लाख रुपये में बेचे जाने का भंडाफोड़ हुआ था। जांच के दौरान आयोग की गोपनीयता शाखा की वरिष्ठ अधीक्षक उमा आजाद और दलालों को गिरफ्तार किया गया था। इस घोटाले में कंप्यूटर ऑपरेटर, जूनियर ऑडिटर और ड्राइंग टीचर जैसी अन्य परीक्षाओं के पेपर लीक होने के साक्ष्य मिलने के बाद सरकार ने आयोग को पूरी तरह भंग कर दिया था।

इसके बाद राज्य सरकार ने वर्ष 2025 में पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के लिए एक कठोर कानून लागू किया है। इस कानून के तहत अपराध को गैर-जमानती बनाते हुए 5 से 10 वर्ष तक की जेल और 1 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है। हालांकि, जानकारों का मानना है कि जब तक 2022 के पुलिस कांस्टेबल भर्ती जैसे मामलों में वरिष्ठ अधिकारियों की जवाबदेही तय नहीं की जाती, तब तक परीक्षार्थियों और युवाओं का विश्वास बहाल होना मुश्किल है।

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