Google News Preferred Source
साइड स्क्रोल मेनू

HIMACHAL: सीएम सुक्खू के नेतृत्व में शिमला संसदीय क्षेत्र में जीत के लिए रणनीति तैयार, सुल्तानपुरी बोले- मुद्दों के आधार पर लड़ेंगे चुनाव

HIMACHAL: सीएम सुक्खू के नेतृत्व में शिमला संसदीय क्षेत्र में जीत के लिए रणनीति तैयार, सुल्तानपुरी बोले- मुद्दों के आधार पर लड़ेंगे चुनाव

शिमला |
HIMACHAL NEWS: लोकसभा चुनाव को लेकर हिमाचल प्रदेश कांग्रेस ने शनिवार को शिमला संसदीय क्षेत्र के लिए अहम बैठक बुलाई है। यह बैठक शिमला स्थित राजीव भवन में हो रही है। इससे पहले शुक्रवार को मंडी संसदीय क्षेत्र की अहम बैठक हुई थी। बता दें कि हिमाचल में सातवें और आखिरी चरण में लोकसभा के चुनाव होना है।

बैठक में हिमाचल कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह, मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, मंत्रियों के अलावा अन्य कांग्रेस नेता और कार्यकर्त्ता भी मोजूद रहे। बैठक में शिमला संसदीय क्षेत्र के प्रत्याशी विनोद सुल्तानपुरी का पहुंचने पर जोरदार स्वागत हुआ। बैठक में शिमला संसदीय क्षेत्र में जीत के लिए रणनीति तैयार की जा रही है।

इस दौरान मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि हिमाचल कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने शिमला संसदीय क्षेत्र के लिए अहम बैठक बुलाई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार अपने 15 महीने के काम को लेकर जनता के बीच में जाएगी। उन्होंने कहा कि आपदा के वक्त राज्य सरकार ने बिना केंद्र सरकार की मदद के बेहतरीन काम किया।

इसे भी पढ़ें:  किन्नौर लैंड स्लाइड: 500 मीटर नीचे मिली HRTC बस, अब तक 15 की मौत - 14 घायल

सीएम सुक्खू ने केंद्र की भाजपा सरकार और भाजपा नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि जब प्रदेश में आपदा आई, तब भारतीय जनता पार्टी के सांसदों ने दिल्ली में हिमाचल प्रदेश की आवाज नहीं उठाई। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश विधानसभा में भी जब हिमाचल में आई आपदा को राष्ट्रीय आपदा घोषित करने का संकल्प आया, तब भाजपा विधायकों ने इसका समर्थन नहीं किया।

सीएम सुक्खू ने कहा कि सभी भाजपा सांसदों और विशेष तौर पर शिमला के सांसद सुरेश कश्यप को यह जवाब देना चाहिए कि उन्होंने हिमाचल में आई आपदा के वक्त वे वहां कहां छिप गए थे। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष भी आपदा के वक्त छिपे रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल में आई आपदा से राज्य सरकार ने अपने संसाधनों के बलबूते पर लोगों की समस्या का निपटारा किया।

इसे भी पढ़ें:  सीएम सुक्खू ने निजी कमाई से आपदा राहत कोष में 51 लाख का दान कर पेश की मिसाल, क्या यही है व्यवस्था परिवर्तन ?

मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि बीजेपी ने सिर्फ और सिर्फ हिमाचल प्रदेश की मदद रुकाने का काम किया। उन्होंने कहा कि पहले तो आपदा के दौरान केंद्र सरकार से हिमाचल की सहायता रोकी गई। इसके अलावा ओल्ड पेंशन स्कीम को भी भाजपा ने रोकने की कोशिश की।

उन्होंने कहा कि महिलाओं को हर महीने इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान योजना के तहत 1 हजार 500 रुपए की सम्मान निधि की शुरुआत हुई, तब भी राज्य निर्वाचन आयोग पहुंचकर भाजपा ने से रोकने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात की खुशी है कि राज्य निर्वाचन आयोग ने महिलाओं को फॉर्म भरने की अनुमति दी है।

सुल्तानपुरी बोले- मुद्दों के आधार पर लड़ेंगे चुनाव

वहीँ शिमला संसदीय क्षेत्र से कांग्रेस प्रत्याशी विनोद सुल्तानपुरी ने कहा कि वे मुद्दों के आधार पर चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने कहा कि पांच साल में शिमला के सांसद सुरेश कश्यप कहीं नजर नहीं आए। हिमाचल प्रदेश में जब आपदाई तब भी सुरेश कश्यप नहीं दिखे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस मुद्दों के आधार पर इस चुनाव को लड़ेगी। उन्होंने कहा कि उन्होंने विधानसभा में बतौर विधायक भी इलाके के मुद्दे उठाए हैं और आगे भी वे यही काम करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पूरे दमखम के साथ चुनाव लड़ेगी और जीतेगी।

इसे भी पढ़ें:  हिमाचल में फिर तबाही का खतरा, MP समेत 7 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट

Kangra News: तेज तुफान की वजह से आंगन में खेल रही 3 साल की बच्ची के सिर पर ईंट गिरने से मासूम की मौत

Himachal News: हाईकोर्ट में राज्यसभा चुनाव को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई, BJP सांसद हर्ष महाजन को नोटिस जारी

Himachal Truck Driver Burnt Alive in Punjab: पंजाब में जिंदा जला हिमाचल का ट्रक ड्राइवर, ट्रक में आग लगने से हुआ हादसा..

Himachal Weather: बारिश और ओलावृष्टि ने मचाई तबाही, IMD ने जारी किया अलर्ट

Himachal News: इंदिरा गांधी प्यारी बहना सम्मान योजना के फार्म जिला कल्याण अधिकारी कार्यालय में जमा करवा सकती महिलाएं

YouTube video player
संस्थापक, प्रजासत्ता डिजिटल मीडिया प्रजासत्ता पाठकों और शुभचिंतको के स्वैच्छिक सहयोग से हर उस मुद्दे को बिना पक्षपात के उठाने की कोशिश करता है, जो बेहद महत्वपूर्ण हैं और जिन्हें मुख्यधारा की मीडिया नज़रंदाज़ करती रही है। पिछलें 9 वर्षों से प्रजासत्ता डिजिटल मीडिया संस्थान ने लोगों के बीच में अपनी अलग छाप बनाने का काम किया है।

Join WhatsApp

Join Now

प्रजासत्ता के 10 साल