Google News Preferred Source
साइड स्क्रोल मेनू

Solan: नौकरी के झांसे में 13 लाख रुपये की ठगी! कसौली गांव का निखिल गिरफ्तार..!

Solan: नौकरी के झांसे में 13 लाख रुपये की ठगी! कसौली गांव निखिल गिरफ्तार..!

Solan Crime News: सोलन पुलिस ने एक बड़ी धोखाधड़ी का पर्दाफाश किया है, जिसमें आरोपी ने नौकरी दिलाने के झांसे में कई लोगों से लाखों रुपये ठगे हैं। आरोपी निखिल ठाकुर, निवासी कसौली गांव, जिला सोलन का निवासी है, जो खुद को एमईएस चंडी मंदिर का अधीक्षक बताता था, को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उसे आज न्यायालय में पेश किया गया।

क्या है मामला?

जानकारी के अनुसार शिल्ली निवासी देवेंद्र ठाकुर ने 27 फरवरी 2025 को सोलन पुलिस थाना में शिकायत दर्ज कराई कि उनके रिश्तेदार ने उन्हें निखिल ठाकुर के बारे में बताया, जो एमईएस चंडी मंदिर में अधीक्षक होने का दावा कर रहा था। निखिल ने दावा किया कि वह आईटीआई और डिप्लोमा धारक युवाओं को नौकरी दिला सकता है। देवेंद्र के बेटे ने आईटीआई की पढ़ाई की थी, इसलिए उन्होंने निखिल को बच्चों के दस्तावेज भेज दिए।

इसे भी पढ़ें:  Press Club Kasauli ने सामाजिक गतिविधियों के आयोजन को लेकर बनाई रूपरेखा

कुछ दिनों बाद, निखिल ने देवेंद्र से 50,000 रुपये की मांग की, जिसे उन्होंने भेज दिया। इसके बाद, निखिल ने अलग-अलग तिथियों पर 1,22,000 रुपये और मांगे, जो देवेंद्र ने Google Pay के जरिए भेज दिए। कुल मिलाकर, देवेंद्र ने निखिल को 1,72,000 रुपये दिए।

निखिल ने देवेंद्र के बच्चों को व्हाट्सएप पर ऑफर लेटर और नियुक्ति पत्र भी भेजा, जिस पर एमईएस चंडी मंदिर की मोहर लगी थी। हालांकि, जब देवेंद्र ने निखिल से संपर्क करने की कोशिश की, तो उसने फोन उठाना बंद कर दिया।

पुलिस जांच में हुआ खुलासा

जांच में पता चला कि निखिल एमईएस चंडी मंदिर में काम नहीं करता और उसने कई अन्य लोगों को भी ठगा है। पुलिस ने पाया कि निखिल पहले भी सोलन क्षेत्र के 6 लोगों से नौकरी के नाम पर करीब 13 लाख रुपये ठग चुका है। नालागढ़ में भी उसके खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज है।

इसे भी पढ़ें:  सोलन: नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 18 साल का कठोर कारावास और जुर्माना

पुलिस ने 12 मार्च 2025 को निखिल को नालागढ़ से गिरफ्तार किया और उसे 13 मार्च को कोर्ट में पेश किया। पुलिस अब उसके पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड की जांच कर रही है। मामले की पुष्टि एसपी सोलन गौरव सिंह ने की है। आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला पंजीकृत है।

YouTube video player
संस्थापक, प्रजासत्ता डिजिटल मीडिया प्रजासत्ता पाठकों और शुभचिंतको के स्वैच्छिक सहयोग से हर उस मुद्दे को बिना पक्षपात के उठाने की कोशिश करता है, जो बेहद महत्वपूर्ण हैं और जिन्हें मुख्यधारा की मीडिया नज़रंदाज़ करती रही है। पिछलें 9 वर्षों से प्रजासत्ता डिजिटल मीडिया संस्थान ने लोगों के बीच में अपनी अलग छाप बनाने का काम किया है।

Join WhatsApp

Join Now

प्रजासत्ता के 10 साल