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Himachal: भाजपा में गुटबाजी का बवंडर: रमेश धवाला का बगावती कदम, ‘असली भाजपा’ का ऐलान!

Himachal: भाजपा में गुटबाजी का बवंडर: रमेश धवाला का बगावती कदम, 'असली भाजपा' का ऐलान!

Himachal Politics News: हिमाचल प्रदेश भाजपा में चल रही आंतरिक खींचतान अब सार्वजनिक हो चुकी है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री रमेश धवाला ने शनिवार को एक बड़ा ऐलान करते हुए समानांतर संगठन ‘असली भाजपा’ बनाने की घोषणा की। यह कदम भाजपा के भीतर गहरी पैठ बना चुके गुटबाजी और असंतोष को उजागर करता है।

धवाला ने देहरा में आयोजित प्रेस वार्ता में पार्टी नेतृत्व पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ नेता संगठन को हाईजैक कर रहे हैं और समर्पित कार्यकर्ताओं को दरकिनार किया जा रहा है। चार बार विधायक रह चुके धवाला ने कहा, “मैंने पार्टी के लिए वर्षों मेहनत की, लेकिन अब मुझे और मेरे जैसे कार्यकर्ताओं को नजरअंदाज किया जा रहा है।”

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क्या है धवाला की नाराजगी का कारण?

धवाला की नाराजगी का एक बड़ा कारण पूर्व निर्दलीय विधायक होशियार सिंह का भाजपा में शामिल होना है। इसके अलावा, कांग्रेस से भाजपा में शामिल हुए पूर्व विधायकों को लेकर भी उन्होंने सवाल उठाए हैं। धवाला का आरोप है कि पार्टी ने स्थानीय कार्यकर्ताओं की अनदेखी कर बाहरी नेताओं को तरजीह दी है, जिससे संगठन कमजोर हुआ है।

समानांतर संगठन का ऐलान:

धवाला ने अपनी नाराजगी को अब कार्रवाई में बदल दिया है। उन्होंने हरिपुर और ढलियारा मंडल में समानांतर संगठन के अध्यक्ष और कार्यकारिणी की घोषणा कर दी है। साथ ही, उन्होंने संकेत दिए हैं कि जल्द ही अन्य विधानसभा क्षेत्रों में भी असंतुष्ट कार्यकर्ताओं के साथ बैठक करेंगे और संगठन को मजबूत करने की दिशा में कदम उठाएंगे।

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भाजपा के लिए बड़ी चुनौती:

धवाला की इस बगावत ने हिमाचल भाजपा में हलचल मचा दी है। कई पुराने कार्यकर्ता इस घटनाक्रम पर गंभीरता से नजर बनाए हुए हैं। यदि समय रहते इस नाराजगी को दूर नहीं किया गया, तो यह मामला आगामी चुनावों में भाजपा के लिए बड़ा सिरदर्द बन सकता है। अब सवाल यह है कि भाजपा इस संकट से कैसे निपटेगी? क्या पार्टी नेतृत्व धवाला और उनके समर्थकों को मनाने में सफल होगा, या यह गुटबाजी और बड़े विभाजन का कारण बनेगी? धवाला की यह रणनीति आगे क्या मोड़ लेती है, यह देखना दिलचस्प होगा।

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